ACB रायपुर। छत्तीसगढ़ में फिर दो रिश्चतखोर बाबू एंटी करप्शन ब्यूरो के हत्थे चढ़े हैं। दोनों बाबू विभाग के ही एक ड्राइवर से रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़े गए हैं।
मामला बालोद जिला का है। दोनों बाबुओं ने वाहन चालक से 25-25 हजार रुपए रिश्वत की मांग की थी। दोनों बाबू रिश्वत के रुप में 20 हजार पहले ही ले चुके थे। आज बाकी 30 हजार लेते हुए धरे गए।
एसीबी के अफसरों के अनुसार शिकातकर्ता वाहन चालक का नाम मुकेश कुमार यादव है। वह कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी बालोद में पदस्थ है। किसी कारणवश उसका डिमोशन कर दिया गया था। मुकेश को वाहन चालक से चौकीदार बनाकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गुरुर ट्रांसफर कर दिया गया था।
डिमोट किए जाने के खिलाफ मुकेश ने बिलासपुर हाईकोर्ट में अपील की, जहां से उसे स्टे मिल गया। ऐसे में वह फिर से वाहन चालक के पद पर काम करने लगा।
एसीबी को दी गई शिकायत में मुकेश ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर वाहन चालक के पद पर पदस्थापना के बाद सर्विस बुक का सत्यापन कर एरियर निकालने के लिए उसने युगल किशोर साहू, सहायक ग्रेड-2 और सुरेन्द्र कुमार सोनकर, सहायक ग्रेड-2 से संपर्क किया। जहां दोनों ने इस काम के लिए 25-25 हजार, कुल 50,000 रूपये रिश्वत की मांग की।
वाहन चालक से मिली शिकायत का एसीबी में ने सत्यापन कराया तो वह सही निकला। इसके बाद एसीबी की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से मुकेश को रिश्वत की बाकी बची राशि 30 हजार रुपए के साथ दोनों बाबुओं के पास भेजा। एसीबी की टीम दूर से नजर रखे हुए थी, जैसे ही आरोपियों ने रकम अपने हाथ में ली, एसीबी की टीम ने दोनों को पकड़ लिया। दोनों ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।