Biranpur Files रायपुर। छत्तीसगढ़ की सियासत में बड़ा उल्टफेर करने वाली सत्य घटना पर आधारित फिल्म बनकर तैयार है। फिल्म को सेंसर बोर्ड की हरी झंडी मिल चुकी है, यानी अब फिल्म रिलीज होने को तैयार है।
छत्तीसगढ़ की सत्य घटना पर बनी फिल्म को बीरनपुर फाइल्स नाम दिया गया है। यह फिल्म अप्रैल के पहले सप्ताह में सिनेमा घरों में आएगी। इससे पहले 21 मार्च को इसकी स्पेशल स्क्रीनिंग रखी गई है।
छत्तीसगढ़ी फिल्म बीरनपुर फाइल्स साजा विधानसभा क्षेत्र के बिरनपुर गांव में 8 अप्रैल 2023 को हुई घटना पर आधारित है। वहां एक मामूल विवाद में भुवनेश्वर साहू नाम युवक की हत्या कर दी गई। हत्या का आरोप अल्पसंख्यकों पर लगा, इसके बाद वहां सांप्रदायिक तनाव फैल गया।
बिरनपुर की घटना हुई तक प्रदेश में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस की सरकार थी। साजा से तत्कालीन विधायक रविंद्र चौबे सरकार में वरिष्ठ मंत्री थे। इस घटना के बाद प्रदेश में जमकर राजनीति भी हुई। प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद इसकी जांच सीबीआई को सौंपी गई।
भुवनेश्वर साहू की हत्या के दो दिन बाद वहां बकरी चराने खेतों में गए रहीम मोहम्मद और उनके पुत्र ईदुल मोहम्म की हत्या हो गई। इस घटना में पुलिस ने 17 लोगों को गिरफ्तार किया। इसी साल फरवरी में कोर्ट ने इन सभी आरोपियों को दोष मुक्त कर दिया है।
भुवनेश्वर साहू के पिता ईश्वर साहू को 2023 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने टिकट दिया। ईश्वर साहू कांग्रेस के दिग्गज नेता रविंद्र चौबे को हराकर विधायक बन गए।
फिल्म के निर्माता निर्देशक के अनुसार यह बीरनपुर फाइल्स में केवल हत्याकांड की घटनाओं को प्रभावी ढंग से दिखाने का प्रयास किया गया है, बल्कि उससे जुड़े कई अनछुए पहलुओं और अपराधियों की भूमिका को भी सामने लाने की कोशिश की गई है।
फिल्म का निर्माण व्हाय आर फिल्म प्रोडक्शन film production के बैनर तले किया गया है। निर्माता-निर्देशक हेमलाल चतुर्वेदी Hemlal Chaturvedi के अनुसार फिल्म दो वर्ष पहले बनकर तैयार हो चुकी थी, लेकिन सत्य घटनाओं पर आधारित होने के कारण आवश्यक नियमों और औपचारिकताओं के चलते इसकी रिलीज में विलंब हुआ।