CG रायपुर। छत्तीसगढ़ में तीन नए मंत्रियों के शपथ के साथ विष्णुदेव साय कैबिनेट में सदस्यों की संख्या 14 हो गई है। इसमें मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के अलावा 13 मंत्री शामिल हैं। अब कैबिनेट में संख्या बढ़ने की संभावना खत्म हो गई है। अब कैबिनेट में नए मंत्री को शामिल करने के लिए पुराने मंत्री की छुट्टी करनी पड़ेगी।
छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण आदिवासी राज्य के रुप में हुआ था। हालांकि 2011 की जनगणना के अनुसार राज्य में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) की आबादी सर्वाधिक है। इसके बाद अनुसूचित जनजाति (एसटी) यानी आदिवासियों की है। अनुसूचित जाति (एससी) तीसरी बड़ी आबादी है। राज्य की 90 में से 10 सीट एससी और 29 सीट एसटी वर्ग के लिए आरक्षित है।
छत्तीसगढ़ की कुल जन संख्या में ओबीसी वर्ग की आबादी का प्रतिशत 52 है। एसटी की आबादी 30.60 प्रतिशत है। वहीं एससी वर्ग का आबादी में हिस्सा 12.82 प्रतिशत है।
विष्णुदेव साय कैबिनेट में 14 मंत्री हैं। इनमें सबसे ज्यादा संख्या ओबीसी की है। इसके बाद एसटी की संख्या है। एससी और सामान्य वर्ग का प्रतिनिधित्व एक बराबर है।
विष्णुदेव कैबिनेट के 14 में से सात मंत्री अन्य पिछड़ा वर्ग के हैं। प्रतिशत के लिहाज से ओबीसी वर्ग का मंत्रिमंडल में प्रतिनिधित्व का आंकड़ा 50 प्रतिशत का है। अनुसूचित जनजाति वर्ग के मंत्रियों की संख्या तीन है। इनमें मुख्यमंत्री भी शामिल है। प्रतिशत में देखा जाए तो यह आंकड़ा करीब 21 प्रतिशत होगा। वहीं, एससी और सामान्य वर्ग के मंत्रियों की संख्या दो-दो हैं। प्रतिशत के हिसाब से यह आंकड़ा 14 होगा।
| विष्णुदेव साय | मुख्यमंत्री | एसटी | सरगुजा |
| रामविचार नेताम | मंत्री | एसटी | सरगुजा |
| केदार कश्यप | मंत्री | एसटी | बस्तर |
| श्याम बिहारी जायसवाल | मंत्री | ओबीसी | सरगुजा |
| लक्ष्मी राजवाड़े | मंत्री | ओबीसी | सरगुजा |
| अरूण साव | उप मुख्यमंत्री | ओबीसी | बिलासपुर |
| लखनलाल देवांगन | मंत्री | ओबीसी | बिलासपुर |
| ओपी चौधरी | मंत्री | ओबीसी | बिलासपुर |
| गजेंद्र यादव | मंत्री | ओबीसी | दुर्ग |
| टंकराम वर्मा | मंत्री | ओबीसी | रायपुर |
| गुरु खुशवंत साहेब | मंत्री | एससी | रायपुर |
| दयालदास बघेल | मंत्री | एससी | दुर्ग़ |
| राजेश अग्रवाल | मंत्री | सामान्य | सरगुजा |
| विजय शर्मा | उप मुख्यमंत्री | सामान्य | दुर्ग |