CSPC पावर कंपनीज में पदोन्‍नति संकट: अलग- अलग ग्रेडेशन लिस्‍ट के कारण मारा गया इनका हक, उठी यह मांग…

schedule
2026-02-10 | 04:34h
update
2026-02-10 | 04:46h
person
chaturpost.com
domain
chaturpost.com

CSPC रायपुर। छत्‍तीसगढ़ की सरकारी पावर कंपनीज में पदोन्‍नति में फंसा पेंच हाईकोर्ट के स्‍पष्‍ट आदेश के बाद भी सुलझ नहीं पा रहा है। कंपनी प्रबंधन ने जनवरी 2026 में एक परिपत्र जारी करके बताया कि 23 जून 2004 की वरिष्‍ठता सूची के अनुसार पदोन्‍नति होगी। ( पावर कंपनी के इस परिपत्र की विस्‍तार से जानकारी के लिए नीचे लींक को क्लिक करें)

अलग- अलग ग्रेडेशन लिस्‍ट

कंपनी के जानकार बता रहे हैं कि कंपनी में कई ग्रेडेशन लिस्‍ट है। क्षेत्रीय मुख्‍य अभियांता कार्यालयों ने एक तरफा अलग-अलग ग्रेडेशन लिस्ट बना रखी है। इसकी वजह से क्षेत्रीय मुख्‍यालयों में पदस्‍थ लोग लगातार जल्द प्रमोट हो गए। इससे वहां के लोग सेक्शन ऑफिसर बन गए और जब रायपुर आए तो रायपुर में अकाउंट ऑफिसर बना दिया गया। इधर जो स्‍टाफ हेड ऑफिस (मुख्यालय) में था वह लगातार कई वर्षों तक लगातार सुपर सीट होता रहा।

यह प्रमोशन घोटाला

विद्युत कर्मचारी संघ फेडरेशन इंटक छत्तीसगढ़ के पूर्व महामंत्री सुधीर नायक ने कहा कि क्षेत्रीय मुख्‍यालय स्तर पर बना ग्रेडेशन लिस्‍ट पूरी तरह गलत है इसे प्रदेश स्‍तर पर बनाया जाना चाहिए।  क्षेत्रीय स्‍तर पर बनी सूची के कारण प्रमोशन में गड़बड़ घोटाला हुआ है। जूनियर लोगों को अलग-अलग मिनिस्टर स्टाफ को प्रमोशन देकर क्लास 2 ऑफिसर बना दिया गया है। इससे हेड ऑफिस में रहने वाले लोग मुख्यालय डगनिया रायपुर में कार्यरत लोग सुपरसीट हो गए हैं।

अंकित आनंद के सामने उठा था मामला

सुधीर नायक ने बताया कि  इस विषय पर विद्युत मंडल के तत्‍कालीन अध्यक्ष और सदस्य डिस्ट्रीब्यूशन IAS अंकित आनंद हमारे संगठन की चर्चा हुई थी। तब उन्होंने इस समस्या के निदान के लिए एक मुस्त नोशनल प्रमोशन देकर इस समस्या को समाप्त करने का आश्वासन दिया था। इसके बाद एक प्रस्ताव भी बोर्ड मीटिंग में रखा गया था। इसमें प्रदेश में करीब  300 जूनियर लोगों को नेशनल प्रमोशन देकर समान स्थिति में लाया  जाना था। साथ ही  सभी की 2004 की स्थिति में सीनियरिटी एसाइंड की जाना थी।

बोर्ड के सदस्‍यों को किया गया गुमराह

सुधीर नायक ने कहा कि  हेड ऑफिस के पर्सनल क्षेत्र में फाइनेंशियल बेनिफिट का झूठी  बातों के जरिये बोर्ड के सदस्‍यों को गुमराह किया गया, क्योंकि उन्हें प्रदेश स्तर पर पुनः ग्रेडेशनलिस्ट वरिष्ठता क्रम सूची बनाए जाने में मेहनत करना पड़ती। बोर्ड की बैठक में सदस्‍य डी. अलरमेलमंगई   (राज्‍य सरकार की तत्‍कालीन वित्‍त सचिव) ने इसे फाइनेंशियल बेनिफिट के साथ जोड़कर प्रस्ताव को निरस्त करा दिया था।

फाइनेंस पर कोई असर नहीं पड़ता

उन्‍होंने स्‍पष्‍ट किया कि जितने भी लोग हैं वरिष्ठ थे इंक्रीमेंट आदि लगने से किसी को भी फाइनेंशियल बेनिफिट नहीं मिलना था। केवल यथा स्थान पदोन्नति प्राप्त होनी थी, जो आज तक लंबे समय से लंबित है और लोग इंतजार में हैं। सुधीर नायक ने कहा कि उच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार वंचित लोगों को 2004 की स्थिति में ग्रेडेशन लिस्ट बनाई

CSPDCL प्रमोशन में लोचा: वरिष्‍ठता सूची की अनदेखी को लेकर नाराजगी…AMP

उसमें उनकी सीनियरिटी एसाइंड किया जाए तो यह पदोन्नति का लाभ वंचित लोगों को मिल सकता है। लेकिन बेनिफिट नहीं दिया जाएगा ऐसे आदेश निकाले हैं जिसे हम विशुद्ध रूप से विरोध करते हैं,जो जो लोग पदोन्नति के लिए आज तक वंचित है उनके लिए पदोन्नति की आर्थिक लाभ सहित मांग करते हैं।

विद्युत कंपनी में पदोन्‍नति का रास्‍ता साफ: सेवानिवृत्‍तों को भी मिलेगा लाभ, परिपत्र जारी   AMP

chatur postFebruary 10, 2026
448 2 minutes read
Follow Us
Imprint
Responsible for the content:
chaturpost.com
Privacy & Terms of Use:
chaturpost.com
Mobile website via:
WordPress AMP Plugin
Last AMPHTML update:
04.03.2026 - 01:22:28
Privacy-Data & cookie usage: