
CSPDCL रायपुर। राजधानी के पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में सोमवार को बड़ा कार्यक्रम हुआ। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, दो विधायक, क्रेडा के अध्यक्ष, पार्षद, ऊर्जा सचिव, क्रेडा के सीईओ के साथ तीनों बिजली कंपनियों के एमडी समेत आला अफसर मौजूद थे। इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से बिजली उपभोक्ता पहुंचे थे।
कार्यक्रम में अव्यवस्था
इतने बड़े आयोजन में बड़ी अव्यवस्था हो गई है। आरोप है कि लोगों को पीने पानी तक नहीं मिल पाया। इतना ही नहीं भीड़ के बीच पॉकीटमार सक्रिय थे। कई लोगों की जेब कट गई। कार्यक्रम में शामिल हुए एक व्यक्ति ने पूरे मामले की मुख्यमंत्री के सचिवालय (CMO) के साथ बिजली कंपनी में लिखित शिकायत की है।
CSPDCL गंभीर अव्यवस्था की शिकायत
सूरजपुर से कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे डीएन विश्वकर्मा ने अव्यवस्था और पॉकीटमारी की शिकायत की है। सीएमओ से की गई शिकायत में उन्होंने लिखा है कि हमें इस कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया था और मैं सूरजपुर से लगभग 400 किलोमीटर की यात्रा कर रायपुर पहुंचा। कार्यक्रम का विषय सौर ऊर्जा था, जो निस्संदेह राज्य और देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। लेकिन दुख की बात है कि इस आयोजन में गंभीर अव्यवस्था और सुरक्षा की कमी देखने को मिली।
1. बुनियादी सुविधाओं का अभाव – पेयजल और अन्य सुविधाएँ उपलब्ध नहीं थीं।
2. नाश्ता वितरण में अव्यवस्था – कार्यक्रम के अंत में भीड़ अनियंत्रित हो गई।
3. पर्स चोरी की घटनाएं – इसी दौरान मेरे सहित कई लोगों के पर्स चोरी हो गए, जिनमें नकदी, पहचान पत्र और बैंक कार्ड थे। माननीय मुख्यमंत्री जी, यह घटना CSPDCL जैसे बड़े सार्वजनिक उपक्रम की गंभीर लापरवाही को दर्शाती है। आमंत्रित अतिथियों को इस तरह की असुविधा और असुरक्षा का सामना करना पड़ा, जो अत्यंत दुखद है।
अतः आपसे निवेदन है कि –
– इस घटना की उच्च स्तरीय जाँच कर CSPDCL प्रबंधन की जवाबदेही तय की जाए।
– चोरी की घटनाओं की जाँच और दोषियों की खोजबीन हेतु पुलिस प्रशासन को निर्देश दिए जाएँ।
– भविष्य में ऐसे आयोजनों में आमंत्रित अतिथियों की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित की जाए।
हमें विश्वास है कि आपकी संवेदनशीलता से इस मामले में शीघ्र कार्यवाही होगी।
NSEFI का था कार्यक्रम
इधर, बिजली कंपनी के अफसरों का कहना है कि कार्यक्रम नेशनल सोलर पावर फेडरेशन ऑफ इंडिया (NSEFI) का कार्यक्रम था।




