
Dismissed रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने श्रम निरीक्षक को बर्खास्त कर दिया है। सेवा से बाहर किए गए श्रम निरीक्षक का नाम सुरेश कुर्रे है। सुरेश कुर्रे कार्यालय श्रम पदाधिकारी जिला कोंडागांव में श्रम निरीक्षक के पद पर पदस्थ है।
इस वजह से किए गए बर्खास्त
दरअसल, श्रम निरीक्षक सुरेश कुर्रे को कोर्ट ने तीन साल की सजा सुनाई है। बताया जा रहा है कि सुरेश कुर्रे के खिलाफ 2019 में भ्रष्टाचार का एक मामला दर्ज किया गया था। इस मामले में जशपुर के विशेष न्यायाधीश (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) सुरेश कुर्रे को दोषी करार देते हुए तीन साल के कठोर कारावास और 50 हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है।
सरकार ने लिया गंभीरता से
सुरेश कुर्रे के बर्खास्त करने के लिए सरकार की तरफ से जारी आदेश में कहा गया है कि कोर्ट में दोषी कारार दिए जाने के बाद सुरेश कुर्रे के विरुद्ध विभागीय जांच की कोई आवश्यकता नहीं है। ऐसे में उन्हें तत्काल प्रभाव से डिसमिस किया जाता है।
शासन को मिला पत्र
कोर्ट का आदेश नवंबर 2025 में सरकार को मिल गया था। इसके बाद विभाग के स्तर पर तथ्यों को अध्ययन किया गया। विभाग ने कहा कि सुरेश कुर्रे का कृत्य जिसके लिए उन्हें दोषसिद्ध माना है, उन्हें शासकीय सेवा में रहना अशोभनीय बना देता है। कुर्रे को न्यायालय की तरफ से दिया गया दंडादेश गंभीर आरोप भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 और संशोधन अधिनियम 2018 के धारा 7 के संबंध में है, जो तुच्छ प्रकृति का नहीं है, जिसके लिए अभियुक्त पर लघुशास्ति अधिरोपित की जा सके।




