GST छत्तीसगढ़ में बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा: 170 से अधिक बोगस फर्म बनाकर GST चोरी, 1.64 करोड़ कैश व गोल्ड जब्त

schedule
2025-09-19 | 13:23h
update
2025-09-19 | 14:58h
person
chaturpost.com
domain
chaturpost.com

GST  रायपुर। राज्य जीएसटी विभाग ने जीएसटी एनालिटिक्स और इंटेलिजेंस नेटवर्क Analytics and Intelligence Network  और जीएसटी प्राइम पोर्टल GST Prime Portal का उपयोग करके बोगस फर्म और बोगस बिल तैयार करने वाले सिंडिकेट का पता लगाया है। इसका मास्टर माइंड मो. फरहान सोरठिया है, जो जीएसटी के कर सलाहकार के रूप में कार्य करता था। इस सिंडिकेट के कारण राज्य को प्रतिमाह करोड़ों रुपए के कर राजस्व का नुकसान होता था।

जांच में मिली 172 फर्मों की जानकारी

राज्य जीएसटी की बीआईयू टीम BIU Team इस प्रकरण पर एक माह से कार्य कर रही थी। मास्टर माइंड मो. फरहान सोरठिया के आफिस में 12 सितंबर को जांच की गई। जांच के दौरान यहां से 172 फर्मों के बारे में जानकारियां मिली। फरहान ने अपने पांच ऑफिस स्टॉफ को फर्मों का पंजीयन कराने, रिटर्न फाईल करने और ई-वे बिल तैयार करने के लिए रखा था। इसके अलावा मास्टर माइंड के आफिस से बोगस पंजीयन के लिए किरायानामा, सहमति पत्र, एफिडेविट तैयार करने के भी साक्ष्य मिले हैं।

GST  26 फर्मों के जरिये 822 करोड़ के ई-वे बिल

अफसरों ने बताया कि 26 बोगस फर्मों से ही 822 करोड़ का ई-वे बिल जनरेट किया गया, जबकि रिटर्न में 106 करोड रुपए का ही टर्नओव्हर दिखाया गया है। केवल इन फर्मों से ही राज्य को 100 करोड़ रुपए के जीएसटी का नुकसान होने का प्रारंभिक आंकलन है।

बोगस दस्तावेज के आधार पर पंजीयन

यहां से प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार राज्य के भीतर और पंजाब, असम, मणिपुर, ओडिसा में भी पंजीयन लिया गया है। पंजीयन के लिए बोगस दस्तावेज जैसे किरायानामा और सहमति पत्र भी तैयार किए जाते थे। इन फर्मों के माध्यम से बोगस सप्लाई बिल और ई-वे बिल जारी किए जा रहे थे।

एक करोड़ 64 लाख नगद व सोना जब्त

अफसरों ने बताया कि मो. फरहान के बोगस फर्मों से संबंधित दस्तावेज छुपाए जाने की सूचना पर विभाग ने 17 सितंबर को फरहान के चाचा मो. अब्दुल लतीफ सोरठिया के आवास में सर्च (जांच) किया गया। वहां अधिकारियों को एक करोड़ 64 लाख रुपए के नोट और 400 ग्राम सोने के 4 बिस्किट मिले। विभाग के अधिकारियों ने इसे जब्त कर के आयकर विभाग को सूचना दे दी है।

GST  फर्जीवाड़े की गणना जारी

जीएसटी विभाग के अधिकारी इन फर्मों से करोड़ों रुपए के जीएसटी फ्रॉड की राशि की गणना की जा रही है। इस प्रकरण में कई ब्रोकर, स्क्रैप डीलर और इनपुट टैक्स क्रेडिट के लाभ लेने वाली कम्पनियां भी विभाग के जांच के दायरे में है। राज्य कर विभाग द्वारा मामले की गहन जांच की जा रही है और आगे की विधिक कार्यवाही प्रगति पर है।

chatur postSeptember 19, 2025
271 2 minutes read
Follow Us
Imprint
Responsible for the content:
chaturpost.com
Privacy & Terms of Use:
chaturpost.com
Mobile website via:
WordPress AMP Plugin
Last AMPHTML update:
25.02.2026 - 23:36:06
Privacy-Data & cookie usage: