न्यूज डेस्क: केंद्र सरकार के कर्मचारियों और ऑल इंडिया सर्विसेज (AIS) के अधिकारियों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर है। कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) ने iGOT Karmayogi प्लेटफॉर्म पर अनिवार्य कोर्स और मूल्यांकन पूरा करने की समय सीमा को बढ़ा दिया है।
अब अधिकारियों के पास अपनी ट्रेनिंग पूरी करने के लिए 30 अप्रैल 2026 तक का समय है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह Self-Appraisal (स्व-मूल्यांकन) जमा करने से पहले पूरा करना अनिवार्य है।
क्यों बढ़ानी पड़ी समय सीमा? (Reason for Extension)
दरअसल, iGOT Portal से प्राप्त 7 अप्रैल 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, कई अधिकारियों ने अभी तक अपना लक्ष्य पूरा नहीं किया है। हालांकि प्रगति (Progress) हुई है, लेकिन आंकड़े संतोषजनक नहीं हैं:
- 3 या उससे अधिक APAR-लिंक्ड कोर्स पूरा करने की दर केवल 56% है।
- सबसे चिंताजनक बात यह है कि Comprehensive Assessment (व्यापक मूल्यांकन) पूरा करने वाले अधिकारियों की संख्या मात्र 18% है।
DoPT द्वारा जारी मुख्य निर्देश (Key Guidelines)
सरकार ने सभी मंत्रालयों और विभागों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। यहाँ मुख्य बातें दी गई हैं:
- अंतिम तिथि (Deadline): सभी अनिवार्य कोर्स 30 अप्रैल 2026 तक पूरे होने चाहिए।
- अनिवार्य लक्ष्य (Mandatory Target): कर्मचारियों को अपने निर्धारित वार्षिक पाठ्यक्रमों का कम से कम 50% हिस्सा पूरा करना होगा।
- सर्वर की समस्या (Server Issues): अंतिम समय में रश और Server Congestion (सर्वर जाम) से बचने के लिए कोर्स को समय से पहले पूरा करने की सलाह दी गई है।
- ऑटोमेटेड डेटा (Data Integration): iGOT से कोर्स पूरा होने का डेटा सीधे आपके APAR में फेच (Fetch) किया जाएगा, इसलिए देरी होने पर परेशानी हो सकती है।
महत्वपूर्ण नोट: यदि आप अपना सेल्फ-अप्रेजल (Self Appraisal) 30 अप्रैल से पहले जमा कर रहे हैं, तो कोर्स उससे पहले ही खत्म कर लें।
समय रहते पूरा करें प्रक्रिया (Complete Early)
Additionally (इसके अतिरिक्त), DoPT ने कहा है कि अंतिम तारीख का इंतजार न करें। अक्सर देखा गया है कि डेडलाइन के पास वेबसाइट पर ट्रैफिक बढ़ जाता है, जिससे लॉगिन करने में Potential Delays (संभावित देरी) हो सकती है।

