Vanupaj Karmachari Sangh नवा रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज कर्मचारी कल्याण संघ की वार्षिक आमसभा का आयोजन राजधानी रायपुर में गरिमामय माहौल में संपन्न हुआ। इस बैठक में प्रदेश भर से आए कर्मचारियों ने अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया और भविष्य की रणनीति पर चर्चा की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के प्रांतीय संयोजक कमल वर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहे।
संगठन की शक्ति से ही होगा निराकरण: कमल वर्मा
अपने संबोधन में कमल वर्मा ने कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी मांग को मनवाने के लिए संगठन का सक्रिय होना अनिवार्य है। उन्होंने सुझाव दिया कि मांगों को उचित मंच पर पूरी तैयारी और तथ्यों के साथ प्रस्तुत किया जाना चाहिए। वर्मा ने दिसंबर 2025 में हुई 11 सूत्रीय मांगों की हड़ताल का जिक्र करते हुए कहा कि विषम परिस्थितियों में भी लघु वनोपज संघ के कर्मचारियों ने फेडरेशन का जो साथ दिया, वह काबिले तारीफ है।
इन प्रमुख मांगों पर बनी सहमति
प्रांताध्यक्ष मनोज सोनी की अध्यक्षता में आयोजित इस सभा में एजेंडे के अनुसार कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर सर्वसम्मति से मुहर लगाई गई:
- पदोन्नति (Promotion): विभिन्न पदों के लिए स्पष्ट प्रमोशन चैनल की स्वीकृति का मुद्दा शासन के समक्ष रखा जाएगा।
- संविदा नियुक्तियों पर रोक: शासन की अनुमति के बिना विभाग में की जा रही संविदा नियुक्तियों को तत्काल प्रभाव से समाप्त करने की मांग की गई।
- प्रतिनियुक्ति की समाप्ति: विभाग में अन्य जगहों से आए अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति समाप्त कर विभागीय कर्मचारियों को अवसर देने पर जोर दिया गया।
- सेटअप पुनरीक्षण: विभाग के पुराने सेटअप को अपडेट करने और वर्कलोड के हिसाब से नए पदों के सृजन की मांग उठी।
दिग्गज कर्मचारी नेताओं की रही मौजूदगी
आमसभा में प्रदेश के कई बड़े कर्मचारी नेताओं ने हिस्सा लिया, जिनमें छत्तीसगढ़ तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के अध्यक्ष पवन शर्मा, प्रांतीय समन्वयक जी. आर. चंद्रा, नवा रायपुर फेडरेशन के संयोजक संतोष वर्मा, महिला प्रकोष्ठ की संयोजक सोनाली तिडके और जिला रायपुर फेडरेशन के संयोजक पीतांबर पटेल शामिल थे। सभी वक्ताओं ने एक स्वर में आपसी सामंजस्य और अधिकारों की प्राप्ति के लिए एकजुट रहने का आह्वान किया।
इन्होंने संभाली जिम्मेदारी
कार्यक्रम को सफल बनाने में शशांक साहू, अक्षय मनु, सुरेन्द्र तिवारी, कमलाकांत तिवारी सहित मुख्यालय, वृत्त कार्यालय और जिला यूनियनों के समस्त कर्मचारियों का सराहनीय योगदान रहा। सभा के अंत में संघ के आय-व्यय पत्रक का अनुमोदन किया गया और आगामी कार्ययोजना के लिए प्रबंध संचालक को मांगपत्र सौंपने का निर्णय लिया गया।

