रायपुर: नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर मीनल चौबे ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए निगम का बजट अनुमान प्रस्तुत किया । महापौर ने अपने भाषण में रायपुर को ‘मिनी इंडिया’ बताते हुए इसे आधुनिक सुविधाओं से लैस करने का संकल्प दोहराया है ।
बजट का कुल आकार और मुख्य आंकड़े
इस वर्ष के बजट में शहर के विकास कार्यों और नई परियोजनाओं (पूंजीगत व्यय) के लिए 2130 करोड़ 35 लाख रुपये का अनुमानित प्रावधान किया गया है । बजट की अन्य वित्तीय झलकियाँ इस प्रकार हैं:
- पार्षद निधि: प्रत्येक वार्ड में विकास कार्यों को गति देने के लिए कुल 5 करोड़ 30 लाख 40 हजार रुपये आवंटित किए गए हैं ।
- सामुदायिक भवन: शहर में सामाजिक कार्यक्रमों के लिए सामुदायिक भवनों के निर्माण हेतु 9 करोड़ 36 लाख 80 हजार रुपये खर्च किए जाएंगे ।
- स्वच्छता मशीनरी: शहर की नालियों और बड़े नालों की सफाई के लिए 1.50 करोड़ रुपये की लागत से रोबोटिक सक्शन मशीन खरीदी जाएगी ।
शिक्षा और युवाओं के लिए बड़ी पहल
महापौर ने रायपुर को एजुकेशन हब के रूप में विकसित करने के लिए कई घोषणाएं कीं:
- हाईटेक लाइब्रेरी: साइंस कॉलेज के पास 22 करोड़ 79 लाख रुपये की लागत से 1000 सीटर हाईटेक लाइब्रेरी का निर्माण कार्य प्रगति पर है । इसके अलावा दलदल सिवनी में भी 500 सीटर लाइब्रेरी का काम शुरू हो चुका है ।
- यूथ हॉस्टल: लाइब्रेरी के अगले चरण में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए यूथ हॉस्टल की सुविधा विकसित की जाएगी ।
- खेल सुविधाएं: युवाओं को मोबाइल गेमिंग से दूर कर मैदान की ओर लाने के लिए शहर के 7 स्थलों पर बॉक्स क्रिकेट तैयार किए गए हैं ।
रायपुर नगर निगम बजट 2026-27: ‘विकसित रायपुर’ की बड़ी घोषणाएं
रायपुर नगर निगम की महापौर मीनल चौबे ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए शहर के विकास का खाका पेश किया है। इस बजट में बुनियादी ढांचे, डिजिटल सेवाओं और युवा सशक्तिकरण पर विशेष ध्यान दिया गया है।
1. बजट की प्रमुख वित्तीय झलकियां
बजट का मुख्य केंद्र विकास कार्यों के लिए पूंजीगत व्यय है।
- विकास कार्यों हेतु प्रावधान: ₹213.35 करोड़
- पार्षद निधि: प्रत्येक वार्ड के लिए कुल ₹5.30 करोड़ का आवंटन।
- सामुदायिक भवन: सामाजिक आयोजनों हेतु ₹9.36 करोड़ का प्रावधान।
2. शिक्षा और युवाओं के लिए ‘एजुकेशन हब’
युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए संसाधन उपलब्ध कराने हेतु बड़े कदम उठाए गए हैं:
- हाईटेक लाइब्रेरी: साइंस कॉलेज के पास ₹22.79 करोड़ की लागत से 1000 सीटर लाइब्रेरी निर्माणाधीन।
- सेंट्रल लाइब्रेरी: दलदल सिवनी में 500 सीटर लाइब्रेरी का कार्य शुरू।
- यूथ हॉस्टल: बाहर से आने वाले छात्रों के लिए रहने की विशेष सुविधा।
- खेल प्रोत्साहन: मोबाइल गेमिंग के बजाय मैदान की ओर लाने के लिए 7 स्थानों पर बॉक्स क्रिकेट का निर्माण।
3. यातायात और स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर
शहर की ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के लिए ₹50 करोड़ से अधिक का बजट आवंटित है:
- सड़क चौड़ीकरण: टाटीबंध से आर.डी. तिवारी स्कूल (₹18 करोड़) और एस.एम.सी. हॉस्पिटल से ब्रह्मकुमारी मार्ग (₹30 करोड़)।
- पंडरी कपड़ा बाजार: ट्रैफिक दबाव कम करने हेतु ₹4 करोड़ की नई सड़क।
- टेक्नो टॉवर: तेलीबांधा चौक के पास जल्द निर्माण शुरू होगा।
4. स्वच्छता और जल प्रबंधन: ‘जल बोर्ड’ का गठन
- जल बोर्ड: 16 जनवरी 2026 को गठित। पाइपलाइन के 70% डिजिटल डेटा से लीकेज समस्या का होगा समाधान।
- रोबोटिक सक्शन मशीन: ₹1.50 करोड़ की लागत से बड़े नालों की आधुनिक सफाई।
- तालाब संरक्षण: ऐतिहासिक महंत तालाब के लिए ₹1 करोड़ आवंटित।
5. महिला सुरक्षा और सामाजिक कल्याण
- सुरक्षा: आवासीय क्षेत्रों में ₹1.40 करोड़ से 268 CCTV कैमरे स्थापित।
- वर्किंग वूमेन हॉस्टल: पंडरी और नरैया तालाब के पास निर्माण प्रगति पर।
- पिंक वेंडिंग जोन: बूढ़ातालाब के पास महिलाओं के लिए समर्पित बाजार क्षेत्र।
- दिव्यांग पार्क: ₹10 करोड़ की लागत से विशेष आवश्यकता वाले नागरिकों के लिए पार्क।
यातायात और सड़क अधोसंरचना
शहर की ट्रैफिक समस्या को दूर करने के लिए बजट में सड़कों के जाल और चौड़ीकरण पर विशेष ध्यान दिया गया है:
- प्रमुख सड़क चौड़ीकरण: टाटीबंध से आर.डी. तिवारी स्कूल तक सड़क चौड़ीकरण के लिए 18 करोड़ रुपये और एस.एम.सी. हॉस्पिटल से ब्रह्मकुमारी मार्ग तक सड़क व पुलिया निर्माण हेतु 30 करोड़ रुपये का प्रावधान है ।
- पंडरी कपड़ा बाजार: ट्रैफिक का दबाव कम करने के लिए पंडरी कपड़ा बाजार से मुख्य मार्ग तक नई सड़क निर्माण हेतु 4 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं ।
- टेक्नो टॉवर: तेलीबांधा चौक के पास बहुप्रतीक्षित टेक्नो टॉवर का निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा ।
पेयजल और स्वच्छता के लिए ‘जल बोर्ड’
शहरवासियों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने और तकनीकी खामियों को दूर करने के लिए 16 जनवरी 2026 को ‘जल बोर्ड’ का गठन किया गया है ।
- डिजिटलीकरण: वर्तमान में पाइपलाइन नेटवर्क का 70% डेटा डिजिटल हो चुका है, जिससे लीकेज और लो-प्रेशर की समस्याओं का तुरंत समाधान होगा ।
- तालाबों का संरक्षण: महंत तालाब के पुनरुत्थान के लिए 1 करोड़ रुपये का अलग से प्रावधान किया गया है।
महिला सुरक्षा और स्वावलंबन
- सीसीटीवी निगरानी: आवासीय क्षेत्रों में सुरक्षा के लिए 1.40 करोड़ रुपये की लागत से 268 कैमरे लगाए गए हैं, जिनका संचालन पुलिस थानों के माध्यम से होगा ।
- वर्किंग वूमेन हॉस्टल: पंडरी और नरैया तालाब के पास कामकाजी महिलाओं के लिए हॉस्टल निर्माण का कार्य शुरू हो गया है ।
- पिंक वेंडिंग जोन: बूढ़ातालाब के पास महिलाओं के लिए विशेष वेंडिंग जोन बनाया जाएगा ।
अन्य प्रमुख घोषणाएं
- दिव्यांग पार्क: विशेष आवश्यकता वाले नागरिकों के लिए शहर में 10 करोड़ रुपये की लागत से दिव्यांग पार्क विकसित किया जाएगा ।
- गौधाम योजना: लावारिस पशुओं के प्रबंधन के लिए फुंडहर के पास ‘गौधाम’ हेतु स्थल का चयन कर लिया गया है ।
अकाँक्षी प्रसाधन: शहर में 3.10 करोड़ रुपये की लागत से 13 आधुनिक ‘अकाँक्षी प्रसाधन गृह’ बनाए जा रहे हैं ।
- डिजिटल गवर्नेंस: नागरिक ‘मोर रायपुर’ एप और चैटबॉट के जरिए निगम की सेवाओं का लाभ ले सकते हैं ।
शिक्षा और युवाओं के लिए सौगात:
- सेंट्रल लाइब्रेरी: दलदल सिवनी में 500 सीटर सेंट्रल लाइब्रेरी का काम शुरू हो चुका है । इसके साथ ही साइंस कॉलेज के पास 22.79 करोड़ रुपये की लागत से 1000 सीटर हाईटेक लाइब्रेरी का निर्माण प्रगति पर है ।
- यूथ हॉस्टल: लाइब्रेरी के अगले चरण में युवाओं के लिए यूथ हॉस्टल की सुविधा भी विकसित की जाएगी ।
- गौधाम योजना: लावारिस पशुओं की समस्या से निपटने के लिए फुंडहर के पास ‘गौधाम’ के लिए स्थल चयन किया गया है ।
‘मोर रायपुर’ एप और डिजिटल सेवा
महापौर ने बताया कि नागरिक सुविधाओं के लिए ‘मोर रायपुर’ एप और चैटबॉट जैसी सुविधाएं प्रभावी रूप से काम कर रही हैं । साथ ही, विज्ञापन नीति को ऑनलाइन कर राजस्व वृद्धि की दिशा में भी कदम उठाए गए हैं ।
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