
sanvida रायपुर। छत्तीसगढ़ के बिजली कर्मचारियों ने आज काली पट्टी लगाकर काम किया। प्रबंधन की बेरुखी से नाराज बिजली कर्मी 8 अक्टूबर तक इसी तरह काली पट्टी लगाकर काम करेंगे।
काम पर नहीं पड़ा कोई असर
आंदोलन कर रहे बिजली कर्मियों ने आज किसी भी तरीके से काम प्रभावित नहीं किया। काली पट्टी लगाए बिजली कर्मी नियमित काम करते रहे। भोजन अवकाश के दौरान नारेबाजी की।
महासंघ के आह्वान पर आंदोलन
बता दें कि यह आंदोलन भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी संघ महासंघ के आह्वान पर किया जा रहा है। महासंघ के क्षेत्रीय अध्यक्ष परमेश्वर कन्नौजे और सचिव नीलांबर सिन्हा ने बताया 22 सूत्रीय मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन चलाया जा रहा है।
sanvida आंदोलन का तीसरा चरण
महासंघ के नेताओं ने बताया कि बुधवार से आंदोलन का तीसरा चरण शुरू हुआ है, जो 8 अक्टूबर तक चलेगा। 1 से 8 तारीख तक सभी कर्मचारी काली पट्टी लगाकर काम करेंगे।

संविदा कर्मियों को नियमित करने करने की मांग
महासंघ की तरफ से 22 सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन किया जा रहा है। इसमें संविदा कर्मियों को नियमित करने की मांग प्रमुख है। बता दें कि भाजपा ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में संविदा कर्मियों को नियमित करने का वादा किया है।
खतरे में 2500 लाइन मैन का भविष्य
कर्मचारी नेताओं ने बताया कि कंपनी में करीब 2500 लाइन मैन संविदा के आधार पर काम कर रहे हैं। ये लाइन मैन उपभोक्ता सेवा की रीड है। इनका 10 वर्ष का अनुबंध खत्म होने वाला है। इससे उनकी चिंता बढ़ गई है।
sanvida महासंघ की यह है प्रमुख मांगें
महासंघ की मांगों में पुरानी पेंशन योजना लागू करने, 3 प्रतिशत तकनीति भत्ता की मांग शामिल है। महासंघ ने चेतावनी दी है कि यदि 9 अक्टूबर तक उनकी मांगों पर कंपनी प्रबंधन की तरफ से कोई ठोस पहल नहीं किया जाता है तो अनिश्चितकालीन हड़ताल किया जाएगा।




