
Sharab Ghotala रायपुर। छत्तीसगढ़ के चर्चित शराब घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने फाइनल चालान पेश कर दिया है। ईडी के मुताबिक शराब घोटाला 3074 करोड़ से अधिक का है। इस मामले में पहले ईडी ने आठ पूरक चालान पेश कर चुकी है।
अंतिम चालान 29 हजार 800 पन्ने का है और 315 पेज की समरी है। शराब घोटाले में ईडी ने 22 पुराने और 59 नए आरोपी बनाए हैं। इसमें सौम्या चौरसिया से लेकर निरंजन दास और लक्ष्मी नारायण बंसल को नए आरोपी के रूप में पेश किया है। वहीं पहले से गिरफ्तार अनिल टुटेजा, चैतन्य बघेल, अनवर ढेबर, एपी त्रिपाठी का भी नाम शामिल है।
22 लोग बनाए गए अभियुक्त
ईडी के अधिवक्ता सौरभ पाण्डेय ने शुक्रवार को पत्रकारों से चर्चा करते हुए बताया कि पीएमएलए के तहत इंडी शराब घोटाले की जांच कर रही थी। इस जांच में पहले 22 लोगों को अभियुक्त बनाया गया था। इसमें कई गिरफ्तारियां भी हुई थी और उनके संबंध में जांच पूरी कर चालान पेश किया गया था। उन्होंने बताया कि शुक्रवार को अन्य 59 लोगों के खिलाफ जांच के बाद चालान प्रस्तुत किया गया है।
59 नए आरोपियों का नाम
इस तरह 22 पुराने और 59 नए, इस तरह कुल 81 लोगों के खिलाफ चालान पेश किया गया है। उन्होंने बताया कि नए लोगों में मुख्य रूप से सौम्या चौरसिया, निरंजन दास और एफएल 10 लाइसेंस कर्ता, डिस्टलर और आबकारी अधिकारी शामिल हैं, जिन्हें अभियुक्त बनाया गया है।
उन्होंने यह भी बताया कि अभियोजन की समरी 315 पत्र की है और दस्तावेज जो अलग-अलग प्रकार के साक्ष्य के रूप में जब्त किए गए हैं, जैसे डायरेक्ट सबूत, बैकडोर एंट्री, प्रॉपर्टी परचेस के अलावा डिजिटल सबूत हैं, जिसमें जो भी लोग शामिल हैं, वे शराब घोटाले को लेकर डिस्कशन कर रहे हैं, डिटेलिंग कर रहे हैं, उन्हें शामिल किया गया है।
तीन हजार करोड़ से ज्यादा का घोटाला
अधिवक्ता पाण्डेय ने यह भी बताया कि निरंजन दास आबकारी सचिव/आयुक्त रहे हैं, उनकी भूमिका की भी न्यायालय को जानकारी दी गई है। इनके पूरे कार्यकाल में शराब घोटाले को सुचारू रूप से चलाने में मदद मिली। इनके द्वारा कोई कठोर दंडात्मक कार्रवाई नहीं की गई। ऐसे सबूत दिए गए हैं, कुल 29 हजार 800 पेज का चालान जमा किया गया है और कोर्ट से आग्रह किया है कि इसे संज्ञान में ले। यह पूरा घोटाला करीब 3000 करोड़ से अधिक के होने की संभावना है।
पूर्व सीएम भूपेश बघेल का नाम नहीं
शराब घोटाले में बचाव पक्ष के वरिष्ठ अधिवक्ता फैजल रिजवी ने पत्रकारों से चर्चा में कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने ईडी को तीन महीने में अंतिम चालान पेश करने का निर्देश दिया था, क्योंकि ईडी इस मामले की जांच वर्ष 2022 से कर रही है। ईडी ने इस मामले में आज फाइनल चार्जशीट पेश की है, वह करीब 29 हजार 800 पेज की है। अंतिम चालान में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का नाम नहीं है।
आरेापियों में ये शामिल
इसमें कुल 81 लोगों के खिलाफ चार्जशीट पेश की गई है। इसमें सौम्या चौरसिया और निरंजन दास को भी आरोपी बनाया गया है। उन्होंने बताया कि शराब घोटाला मामले में पहले ही 24 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं, इसमें अधिकांश पुराने हैं, लक्ष्मी नारायण बंसल नए आरोपी हैं। ईडी की फाइनल चार्जशीट में एफएल 10 लाइसेंसकर्ता और आबकारी विभाग के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हैं।
अब पूरे मामले में होगी सुनवाई
शराब घोटाले में ईडी के अंतिम चालान पेश किए जाने के बाद इस पूरे मामले में सुनवाई होगी। ईडी ने गत दिनों सौम्या चौरसिया को गिरफ्तार कर 14 दिनों के लिए जेल भेजा है। उन्हें आगामी 2 जनवरी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। वहीं निरंजन दास की पेशी 3 जनवरी को होगी। ईडी का दावा है कि सौम्या चौरसिया के पास से 100 करोड़ से ज्यादा के लेनदेन के सबूत मिले हैं, वहीं दास ने 18 करोड़ की अवैध कमाई की है।




