SIR In Chhattisgarh रायपुर। छत्तीसगढ़ समेत देश के 12 राज्यों में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण special intensive review (एसआईआर) होगा। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने सोमवार को नई दिल्ली में आयोजित प्रेसवार्ता में इसकी घोषणा की। इस ऐलान के साथ ही छत्तीसगढ़ समेत सूची में शामिल सभी राज्यों में मतदाता सूची फ्रीज कर दिया गया, यानी अब मतदाता सूची में किसी तरह का बदलाव नहीं होगा।
निर्वाचन आयोग के अधिकारियों के अनुसार 1 जनवरी 2025 की स्थिति में राज्य में कुल संख्या 2 करोड़ 11 लाख 5 हजार 391 मतदाना हैं। इनमें 1 करोड़ 4 लाख 27 हजार 842 पुरुष और एक करोड़ 6 लाख 76 हजार 821 महिला के साथ 728 तृतीय जेंडर मतदाता शामिल हैं। राज्य में निर्वाचकों का लिंगानुपात 1024 है।
अफसरों के अनुसार एसआईआर के तहत मतदाता सूची को अपडेट किया जाएगा। नए मतदाताओं के नाम जोड़े जाएंगे। मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाए जाएंगे। इस संबंध में राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय ने पहले ही तैयारी शुरू कर दी थी, सभी जिलों को भी इस संबंध में निर्देश जारी कर दिया गया था।
निर्वाचन आयोग ने जिन राज्यों में एसआईआर कराने का फैसला किया है उनमें केंद्र शासित अंडमान निकोबार, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, पुडुचेरी, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल शामिल है।
देश में इससे पहले 21 साल पहले एसआईआर हुआ था। यह जानकारी प्रेसवार्ता के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने मीडिया को दी। उन्होंने बताया कि इस प्रक्रिया में सभी योग्य मतदाताओं को जोड़ा जाएगा और अयोग्य मतदाताओं को वोटर लिस्ट से बाहर किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि लंबे समय से चुनाव से पहले मतदाता सूची का केवल संक्षिप्त पुनरीक्षण किया जा रहा था।
बिहान में एसआईआर का काम हो चुका है। वहां 2003 की मतदाता सूची के आधार पर यह काम किया गया। अफसरों ने बताया कि अधिकांश राज्यों में मतदाता सूची का अंतिम बार एसआईआर 2002 और 2004 के बीच हुआ था। दिल्ली में 2008 में और इससे पहले उत्तराखंड में 2006 में हुआ था।