जॉब करिअर

Smart Meters बिजली चोरों का काल बना स्‍मार्ट मीटर: कंट्रोल रुम को तुरंत पहुंच रही सूचना, महीनेभर में पकड़े गए…

Smart Meters बिलासपुर। स्मार्ट मीटर ने बिजली चोरी के मामले में विद्युत कंपनी के काम को आसान कर दिया है। स्‍मार्ट मीटर से छेड़छाड़ की सूचना तुरंत कंट्रोल रुम पहुंच जा रही है। कांट्रोल रुम की सूचना के आधार पर कंपनी के विजिलेंस विभाग की टीम संदिग्ध उपभोक्ताओं को धरदबोच रही है। कंट्रोल रुम से हर महीने लंबी सूची विजिलेंस को मिल रही है।

सितंबर में 287 की सूची

अफसरों के अनुसार  सितबंर में कंट्रोल रुम ने 287 संदिग्‍ध उपभोक्ताओं की लिस्ट  जारी की थी। इसकी जांच करने पर 199 उपभोक्ता बाईपास कर बिजली चोरी करते पकड़ में आए। उनके खिलाफ विद्युत चोरी का प्रकरण बनाकर कार्रवाई की जा रही है।

स्‍मार्ट मीटर ने बना दिया स्‍मार्ट

स्मार्ट मीटर ने बिजली कंपनी को स्मार्ट बना दिया है। अब बिजली चोरी पकड़ने के लिए उपभोक्ताओं के घरों तक जाने की आवश्यकता नहीं है। स्मार्ट मीटर के रायपुर में बने विशेष मॉनिटरिंग सेल को मीटर में हो रही हर छेड़छाड़ की सूचना पहुंच रही है। सेल में बैठे कर्मचारी नियमित रूप से मीटरों की ऑनलाइन मॉनिटरिंग कर रहे है।

Smart Meters  पहुंच रही हर सूचना

अफसरों के अनुसार स्मार्ट मीटर में मोटर टैम्पा, रिमोट लॉगिंग और सील ब्रेक करने के साथ ही उसका अलर्ट मॉनिटरिंग सेल के पास पहुंच जाता है। इसके बाद सेल की तरफ से ऐसे उपभोक्ताओं को सूचीबद्ध किया जाता है। इसके बाद ऐसे उपभोक्ताओं का नाम, पता और बीपी नंबर सहित जानकारी संबंधित सर्किल की विजिलेंस टीम को उपलब्ध कराई जाती है। इसके बाद उनको उक्त उपभोक्ताओं के घरों में जाकर चेकिंग करनी पड़ती है।

दुकान में घरेलू कनेक्शन के मामले पकड़ाए

स्मार्ट मीटर मॉनिटरिंग सेल द्वारा अनियमित कनेक्शनों की भी जांच की जा रही है। उक्त जांच के बाद ओएण्डएम सर्किल के दस उपभोक्ताओं की सूची भेजी गई। इसमें उक्त कनेक्शनों में दिन में खपत हो रही है, लेकिन रात के समय एक भी यूनिट की खपत नहीं हो रही है। उसमें रात में बिजली चोरी की आशंका व्यक्त की गई। मौके पर जाने पर पता चला कि उक्त कनेक्शन दुकान में है। दुकानदार ने घरेलू के नाम से कनेक्शन ले रखा था।

Smart Meters खपत कम होने पर चेकिंग

राजधानी स्थित स्मार्ट मीटर की मॉनिटरिंग सेल में संदिग्ध रीडिंग की भी जांच की जा रही है। इसमें बिजली खपत पिछले कुछ महीनों में असामान्य रूप से घट जाने पर निगरानी रखी जा रही है। इसके बाद ऐसे उपभोक्ताओं की सूची बनाकर विजिलेंस को मौके पर जाकर जांच करने के निर्देश दिए जा रहे है। ताकि उपभोक्ता द्वारा बिजली चोरी करने पर विद्युत की चोरी पकड़ी जा सके। विजिलेंस को ऐसे प्रकारण भी मिल रहे है। उसकी भी नियमित रूप से जांच की जा रही है। उसमें भी कई स्थानों में गड़बड़ी मिल रही है। तब नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।

Back to top button