मुंबई/रायपुर (Chaturpost): भारतीय शेयर बाजार (Stock Market) ने 10 अप्रैल को समाप्त हुए सप्ताह में इतिहास रच दिया है। पिछले पांच वर्षों की सबसे बड़ी साप्ताहिक बढ़त दर्ज करते हुए बाजार करीब 6% तक उछल गया। इससे पहले ऐसी शानदार रैली फरवरी 2021 में देखी गई थी।
पूरे हफ्ते के दौरान NIFTY50 में 1,337 अंकों (5.9%) और BSE SENSEX में 4,230 अंकों (5.8%) की भारी तेजी (Surge) देखी गई। इस बढ़त ने निवेशकों की झोली खुशियों से भर दी है।
बाजार की तेजी के 2 बड़े कारण (Key Triggers)
बाजार में इस सकारात्मक माहौल (Positive Sentiment) के पीछे दो मुख्य वैश्विक और घरेलू कारण रहे:
- वैश्विक राहत (Global Cues): अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरान के बीच दो सप्ताह के युद्धविराम (Ceasefire) की खबर ने बाजार को ऑक्सीजन दी। हालांकि (However), इजरायल-लेबनान तनाव के कारण यह शांति अभी नाजुक बनी हुई है।
- RBI का मास्टरस्ट्रोक: आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति (MPC) ने रेपो रेट को 5.25% पर स्थिर रखा है। इसके अतिरिक्त (Additionally), वित्त वर्ष 2026 के लिए जीडीपी (GDP) ग्रोथ अनुमान को 7.4% से बढ़ाकर 7.6% कर दिया गया है, जिससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा है।
Shriram Finance बना ‘सुपरस्टार’ (Weekly Gainers & Losers)
इस हफ्ते दिग्गज शेयरों के साथ-साथ छोटे और मझोले शेयरों (SMIDs) ने भी जमकर चमक बिखेरी।
- टॉप गेनर्स (Top Gainers): श्रीराम फाइनेंस (15.2%) के साथ टॉप पर रहा। इसके बाद अडानी एंटरप्राइजेज (13.8%) और टाटा मोटर्स (13%) का नंबर रहा।
- टॉप लूजर्स (Top Losers): गिरावट वाले शेयरों में कोल इंडिया (3.4%), सन फार्मा (2.3%) और इंफोसिस (0.6%) शामिल रहे।
📈 साप्ताहिक रिपोर्ट: एक नज़र में
निफ्टी 50: +1,337.5 अंक (5.9% ↑)
सेंसेक्स: +4,230.70 अंक (5.8% ↑)
“यह फरवरी 2021 के बाद भारतीय शेयर बाजार का सबसे बेहतरीन सप्ताह रहा है।”
सेक्टर का हाल: रियल्टी और ऑटो में बंपर तेजी (Bullet Points)
- रियल्टी सेक्टर: निफ्टी रियल्टी इंडेक्स 13% उछलकर सबसे बेहतरीन प्रदर्शन करने वाला सेक्टर बना।
- ऑटो सेक्टर: गाड़ियों की मांग और पॉजिटिव खबरों के दम पर ऑटो इंडेक्स में 10.6% की बढ़त रही।
- ब्रॉडर मार्केट: मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स ने मुख्य सूचकांकों को पीछे छोड़ते हुए 8-8% की छलांग लगाई। इसमें Ola Electric के शेयर में 44.2% की अविश्वसनीय रैली देखी गई।
सावधानी की बात
बाजार में आई इस रिकॉर्ड तेजी के बीच India VIX (वोलैटिलिटी इंडेक्स) में 26% की भारी गिरावट आई है, जो दर्शाता है कि बाजार में फिलहाल डर कम हुआ है। अंततः (Finally), निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे वैश्विक भू-राजनीतिक (Geopolitical) स्थितियों पर नजर रखें, क्योंकि मध्य-पूर्व का तनाव किसी भी समय बाजार की दिशा बदल सकता है।

