
रायपुर chaturpost.com। छत्तीसगढ़ में इन दिनों मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026 (Chief Minister Electricity Bill Settlement Scheme) चर्चा का विषय बनी हुई है। जहां एक ओर प्रदेशभर में लाखों बिजली उपभोक्ताओं ने करोड़ों रुपये के पुराने बकाया बिलों से मुक्ति पा ली है, वहीं दूसरी ओर राज्य के सेवानिवृत्त बिजली कर्मचारी (Pensioners) एक बड़ी तकनीकी चूक के कारण भारी-भरकम बिलों के बोझ तले दबे हुए हैं।
पेंशनर्स एसोसिएशन की गुहार: “सिस्टम की गलती, सजा हमें क्यों?”
छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल पेंशनर्स एसोसिएशन, रायपुर के महासचिव सुधीर नायक (Sudhir Nayak) ने प्रबंधन के सामने एक गंभीर मुद्दा उठाया है। उन्होंने कहा कि बिजली विभाग के SAP System की एक तकनीकी खराबी (Technical Glitch) के कारण पेंशनरों को मिलने वाली रियायत में गड़बड़ी हुई है।
दरअसल, नियमानुसार जो छूट 25 प्रतिशत मिलनी चाहिए थी, वह गलती से 50 प्रतिशत दी गई। अब विभाग इस अंतर की राशि को Arrears (बकाया) के रूप में वसूल रहा है। सुधीर नायक ने मांग की है कि:
यह भी पढ़ें- केंद्र सरकार का बड़ा फैसला! आउटसोर्स और संविदा कर्मचारियों को अब मिलेगें ये फायदा
- सेवानिवृत्त कर्मचारियों को भी ‘समाधान योजना’ का लाभ देकर बीच का रास्ता निकाला जाए।
- पेंशनरों पर लादे गए भारी-भरकम एरियर को माफ (Waiver) किया जाए।
- राज्य शासन की 200 यूनिट फ्री बिजली (Free Electricity) योजना की तर्ज पर पेंशनरों को भी राहत दी जाए।
दुर्ग संभाग में योजना का धमाका: 21 हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने उठाया लाभ
जहां पेंशनर राहत की उम्मीद कर रहे हैं, वहीं आम जनता के लिए यह योजना Blessing (वरदान) साबित हो रही है। सीएसपीडीसीएल (CSPDCL), दुर्ग क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक संजय खंडेलवाल के अनुसार, 08 मई 2026 तक के आंकड़े बेहद उत्साहजनक हैं:
किसे कितनी मिलेगी छूट? समझिए पूरा गणित (Benefit Structure)
इस योजना का मुख्य उद्देश्य (Primary Objective) पुराने लंबित बिलों का निपटारा करना है। इसमें 31 मार्च 2023 से पहले के बकाया पर भारी छूट दी जा रही है:
- निष्क्रिय बीपीएल (Inactive BPL): मूल राशि पर 75% की सीधी छूट।
- निष्क्रिय घरेलू/कृषि उपभोक्ता: मूल राशि पर 50% की राहत।
- सरचार्ज माफी (Surcharge Waiver): सभी श्रेणियों के लिए 100% अधिभार माफ किया जा रहा है।
- सक्रिय उपभोक्ता (Active Consumers): यदि आप एकमुश्त भुगतान करते हैं, तो मूल राशि पर 10% और तीन किस्तों (Installments) में भुगतान पर 5% की अतिरिक्त छूट मिलेगी।
पंजीकरण प्रक्रिया हुई आसान (Registration Process)
उपभोक्ता अब ‘मोर बिजली ऐप’ (Mor Bijli App) या नजदीकी बिजली कार्यालय के माध्यम से अपना पंजीकरण (Registration) करा सकते हैं। प्रबंधन ने नियमों में ढील देते हुए पंजीकरण के लिए अनिवार्य अग्रिम भुगतान को 10% से घटाकर 5% कर दिया है। सबसे बड़ी राहत यह है कि किस्तों में भुगतान करने पर भविष्य में कोई नया अधिभार नहीं जोड़ा जाएगा।
क्यों जरूरी है यह योजना?
एक विश्वसनीय समाचार स्रोत के रूप में, chaturpost.com आपको सलाह देता है कि यदि आपके पास 31 मार्च 2023 से पहले का कोई भी बकाया है, तो यह उसे निपटाने का सबसे सुनहरा अवसर है। बिजली विभाग अब सख्त वसूली की ओर बढ़ रहा है, ऐसे में यह योजना कानूनी कार्रवाई और बिजली कटने के डर से मुक्ति दिलाने वाली है।
Chatur विचार
मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026 निश्चित रूप से प्रदेश की अर्थव्यवस्था और उपभोक्ताओं की जेब के बीच एक सेतु (Bridge) का काम कर रही है। हालांकि, पेंशनर्स एसोसिएशन की मांग पर विभाग का क्या रुख रहता है, यह देखना दिलचस्प होगा। क्या सरकार अपने पूर्व कर्मचारियों को SAP System की गलती से निजात दिलाएगी?
विशेष अपील: बिजली उपभोक्ताओं से अनुरोध है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और इस ‘पावरफुल’ योजना का लाभ उठाएं।
यह भी पढ़ें- बिजली कंपनी में ऑपरेटर और सुरक्षा गार्डों की भर्ती, ऐसे करें आवेदन!







