Bijli रायपुर। छत्तीसगढ़ में बिजली कंपनी मुख्यालय के सामने 9 अक्टूबर को प्रदर्शन होगा। यह प्रदर्शन भारतीय मजदूर संघ से सम्बद्ध छत्तीसगढ़ विद्युत सेवानिवृत्त कर्मचारी अधिकारी संघ (महासंघ) की तरफ से किया जाएगा।
संगठन के प्रदेश महामंत्री पुनारद राम साहू ने बताया कि छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी संघ महासंघ की तरफ से नेाटिस के माध्यम से कर्मचारियों की ज्वलंत मांगों जैसे संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण, पुरानी पेंशन योजना बहाली, तकनीकी भत्ता सहित अन्य मांगों की अनदेखी और उपेक्षा के विरूद्ध आगामी 09 अक्टूबर 2025 को घोषित आंदोलन के तहत पावर कंपनी मुख्यालय डंगनिया रायपुर के समक्ष विशाल रैली, प्रदर्शन व आमसभा को पूर्ण समर्थन प्रदान करते हुए अपनी सहभागिता सुनिश्चित करेगा ।
महासंघ के पदाधिकारियों ने बताया कि इससे पहले 1 सितम्बर 2025 को पावर कंपनी मुख्यालय के समक्ष एक घंटे के सांकेतिक प्रदर्शन किया गया था। इसके साथ ही 11 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा गया था। ज्ञापन प्रेषण के 18 दिन व्यतीत हो जाने के बाद भी न तो समुचित कार्यवाही से अवगत कराया गया है और न ही सेवानिवृत्त संघ महासंघ को चर्चा के लिए आमंत्रित किया गया है, जो कि उचित नहीं है।
बिजली कंपनी हॉस्पिटल को सुव्यवस्थित करने के साथ ही पेंशन रिस्टोरेशन अवधि 12 वर्ष करने की मांग महासंघ की तरफ से की जा रही है।
महासंघ की मांगों में 15 वर्ष पूर्ण होने पर बगैर औपचारिकता के पूर्ण पेंशन देने, न्यायालय के आदेशानुसार पदोन्नति नीति स्पष्ट करने के कारण पदोन्नति का लाभ सेवानिवृत्तों को भी प्रदान करने और पेंशन पीएफ ट्रस्ट में कर्मचारी सेवानिवृत्त प्रतिनिधि नियुक्त करने की मांग शामिल है।
महासंघ की 11 सूत्रीय मांगों में सेवानिवृत्त होने की तिथि में सभी कर्मचारियों को सभी लाभ प्रदान करने, सक्षम अनुभवी सेवानिवृत्त कर्मियों को संविदा नियुक्ति प्रदान करने, कोरबा की रिक्त भूमि के हस्तांतरण पर रोक लगाते हुए सोलर प्लांट बनाने व रिक्त आवास गृहों को जरूरतमंद सेवानिवृत्तों को आवंटित करने की मांग शामिल है।