MISA Bandi: मीसा बंदी के परिजनों को 25 हजार रुपये देगी छत्‍तीसगढ़ सरकार…

schedule
2024-12-05 | 17:18h
update
2024-12-05 | 17:18h
person
chaturpost.com
domain
chaturpost.com

MISA Bandi: रायपुर। छत्‍तीसगढ़ की विष्‍णुदेव साय सरकार ने पेंशन बहाल करने के बाद राज्‍य के मीसा बंदियों के पक्ष में दो और बड़े फैसले किए हैं। राज्‍य सरकार ने फैसला किया है कि राज्‍य में दिवंगत होने वाले मीसा बंदी का अब पूरे राजकीय सम्‍मान के साथ अंतिम संस्‍कार किया जाएगा।

इतना ही नहीं मीसा बंदी के अंतिम संस्‍कार के लिए उनके परिवार को 25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। यह राशि परिवार के प्रमुख को दिया जाएगा। विष्णुदेव साय सरकार ने इन दो बदलावों के लिए लोक नायक जयप्रकाश नारायण (मीसा, डीआईआर राजनैतिक या सामाजिक कारणों से निरुद्ध व्‍यक्ति) सम्‍मान निधि नियम 2008 में संशोधन किया है।

नियम में किए गए इस बदलाव का राजपत्र में प्रकाशन कर दिया गया है। इसके साथ ही यह व्‍यवस्‍था लागू हो गई है।

MISA Bandi: जानिए.. क्‍या है मीसा बंदी

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने देश में आपातकाल लागू किया था। राष्ट्रीय आंतरिक सुरक्षा अधिनियम 1971 मीसा बंदी (Maintenance of Internal Security Act (MISA) लागू किया गया था। इस आपातकाल का पूरे देश में जमकर विरोध हुआ था। सरकार ने विरोधियों को जेल में डाल दिया।

आपातकाल के विरोध में जेल में डाले गए लोगों को ही मीसा बंदी कहा जाता है।

MISA Bandi: विष्‍णुदेव सरकार ने किया पेंशन बहाल

छत्‍तीसगढ़ में मीसा बंदियों को पेंशन देने की शुरुआत 2008 में डॉ. रमन सिंह की सरकार में हुई थी। 2018 में सत्‍ता परिवर्तन के बाद जनवरी 2019 से तत्‍कालीन कांग्रेस सरकार ने इस पर रोक लगा दी। कांग्रेस शासन के दौरान मीसा बंदियों को पेंशन नहीं दिया गया, लेकिन प्रदेश की सत्‍ता में भाजपा की वापसी के साथ ही मीसा बंदियों की पेंशन फिर से बहाल कर दी गई है।

MISA Bandi: छत्‍तीसगढ़ में कितने मीसा बंदी है

छत्तीसगढ़ में 2018 की स्थिति में 430 मीसा बंदी थे। तब इन्‍हें सालाना नौ करोड़ रुपये सम्‍मान राशि दी जाती थी। इसमें एक महीने से कम जेल में बंद रहे बंदियों को प्रति माह आठ हजार, एक से पांच माह वालों को 15 हजार और पांच महीने से ज्‍यादा जेल में बंद रहे लोगों को 25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही थी।

मीसा बंदियों को यह राशि लोकनायक जयप्रकाश नारायण सम्मान निधि नियम-2008 के तहत दी जा रही थी। कांग्रेस सरकार ने 23 जनवरी 2020 और 29 जुलाई 2020 को अधिसूचना जारी कर इस नियम को निरस्त कर दिया था। विष्‍णुदेव साय सरकार ने योजना को फिर से शुरू करने के साथ ही पिछली बकाया एरिसर्य का भी भुगतान करने का फैसला किया है।

ब्रेकिंग न्यूज़: विष्‍णुदेव सरकार ने बदल दिया एक और योजना का नामAMP

chatur postDecember 5, 2024
249 2 minutes read
Follow Us
Imprint
Responsible for the content:
chaturpost.com
Privacy & Terms of Use:
chaturpost.com
Mobile website via:
WordPress AMP Plugin
Last AMPHTML update:
26.02.2026 - 02:56:20
Privacy-Data & cookie usage: