
News Desk देश के बिजली सेक्टर (Power Sector) में इस समय बड़े स्तर पर बदलाव देखने को मिल रहे हैं। केंद्रीय विद्युत नियामक आयोग यानी CERC ने बिजली बाजार को अधिक पारदर्शी और आधुनिक बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव जारी किए हैं।
वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश में Smart Meter को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। इसके अलावा Battery Energy Storage System (BESS), Wind Power, Solar Projects और Hydropower सेक्टर में भी बड़े निवेश और परियोजनाओं की घोषणा हुई है।
यह पूरा घटनाक्रम आने वाले वर्षों में भारत के ऊर्जा बाजार (Energy Market) को नई दिशा दे सकता है।
प्रमुख कंपनियों और प्रोजेक्ट्स की बड़ी हलचल (Quick Highlights)
| कंपनी/संस्था | मुख्य अपडेट (Key Update) | राशि/क्षमता |
| SPML Infra | NTPC बिहार में बैटरी स्टोरेज प्रोजेक्ट | ₹1,128 करोड़ |
| आंध्र प्रदेश में डेटा सेंटर के लिए DDL फ्रेमवर्क | 300 MW लोड | |
| CG Power | वित्त वर्ष 2026 में रिकॉर्ड मुनाफा | ₹12,418 करोड़ सेल्स |
| Coal India | गुजरात में सोलर प्लांट शुरू किया | 100 MW |
| IEX | अप्रैल में बिजली व्यापार में भारी उछाल | 12,341 MU (16.6% वृद्धि) |
CERC लाएगा नया Capacity Market Framework
केंद्रीय विद्युत नियामक आयोग (CERC) ने बिजली क्षेत्र में Resource Adequacy सुनिश्चित करने के लिए नया Capacity Market Framework प्रस्तावित किया है।
सरल भाषा में समझें तो यह व्यवस्था यह सुनिश्चित करेगी कि पीक डिमांड के समय देश में बिजली की कमी न हो।
प्रस्ताव में क्या खास है?
- Resource Adequacy Obligation Capacity Market
- Reserve Capacity Market
- Secondary Short-Term Capacity Market
हालांकि (However), यह पूरा सिस्टम Technology Agnostic रखा गया है। यानी Solar, Wind, Thermal और Storage आधारित सभी प्रोजेक्ट इसमें भाग ले सकेंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि इससे भारत का बिजली बाजार अधिक प्रतिस्पर्धी बनेगा और बिजली उपलब्धता बेहतर होगी।
Real-Time Power Market में बड़ा बदलाव
CERC ने Real-Time Market (RTM) की Scheduling Timeline को 75 मिनट से घटाकर 50 मिनट करने का प्रस्ताव भी दिया है।
इसका फायदा क्या होगा?
- Renewable Energy Forecasting बेहतर होगी
- Power Curtailment कम होगा
- Demand-Supply Matching मजबूत होगी
- Grid Stability बढ़ेगी
इसके अलावा RTM bidding window को 15 मिनट से घटाकर सिर्फ 5 मिनट करने का सुझाव दिया गया है।
यानी अब बिजली बाजार और अधिक तेज एवं डिजिटल होने जा रहा है।
UP Smart Meter Users के लिए बड़ी राहत
उत्तर प्रदेश सरकार ने Smart Meter को लेकर बड़ा फैसला लिया है।
राज्य सरकार ने Prepaid Smart Meter सिस्टम बंद करके सभी Smart Meter को Postpaid Mode में चलाने का निर्देश दिया है।
असल में (Basically), उपभोक्ताओं की ओर से लगातार तकनीकी शिकायतें सामने आ रही थीं। इसके बाद सरकार ने यह निर्णय लिया।
उपभोक्ताओं को क्या फायदा मिलेगा?
- अब हर महीने SMS और WhatsApp से बिल मिलेगा
- बकाया राशि 10 किस्तों में जमा कर सकेंगे
- तकनीकी शिकायतों का तेज समाधान होगा
फिलहाल (Meanwhile), पुराने मीटर हटाकर नए Smart Prepaid Meter लगाने की प्रक्रिया भी अस्थायी रूप से रोक दी गई है।
बिहार में NTPC का बड़ा Battery Storage Project
SPML Infra को NTPC से 1,128 करोड़ रुपये का बड़ा ऑर्डर मिला है।
यह परियोजना बिहार के बरौनी थर्मल पावर स्टेशन में 250 MW / 1000 MWh Battery Energy Storage System (BESS) लगाने से जुड़ी है।
परियोजना की खास बातें
- कुल क्षमता: 1 GWh
- निर्माण अवधि: 18 महीने
- O&M अवधि: 15 साल
- Grid Infrastructure भी शामिल
ऊर्जा विशेषज्ञों के अनुसार, भारत में Grid Connected Battery Storage का यह बड़ा कदम माना जा रहा है।
Google Data Centre के लिए Andhra Pradesh सरकार का बड़ा फैसला
आंध्र प्रदेश सरकार ने Strategic Data Centres के लिए नया Deemed Distribution Licence (DDL) Framework मंजूर कर दिया है।
इस नीति से Google के प्रस्तावित Data Centre को बड़ा फायदा मिलने की उम्मीद है।
Data Centres को क्या सुविधा मिलेगी?
- Open Access से बिजली खरीद सकेंगे
- Renewable Energy Projects से Power Procurement
- Captive Solar/Wind Projects की अनुमति
- Power Exchange से बिजली खरीद
दरअसल (In Fact), राज्य सरकार बड़े Data Centre निवेश आकर्षित करना चाहती है।
Renewable Energy सेक्टर में तेज़ी
भारत में Renewable Energy सेक्टर लगातार विस्तार कर रहा है।
Waaree Energies का 300 MW Wind Project
Waaree Energies ने गुजरात के द्वारका में 300 MW Wind Power Project के लिए SECI के साथ PPA साइन किया है।
यह कंपनी के Wind Energy Expansion का महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
ACME Solar ने शुरू किया 8 MW Wind Project
ACME Solar ने गुजरात में 8 MW Wind Power Project चालू कर दिया है।
यह प्रोजेक्ट सुरेंद्रनगर जिले में स्थित है और कंपनी के Renewable Portfolio को मजबूत करेगा।
Coal India का बड़ा Solar कदम
Coal India ने गुजरात में 100 MW Solar Power Plant शुरू किया है।
कोयला आधारित कंपनी का Renewable Energy में यह बड़ा Diversification माना जा रहा है।
किसानों के लिए खुशखबरी
महाराष्ट्र में Solar Pump Projects को मंजूरी
GK Energy और Oswal Pumps को महाराष्ट्र में PM Kusum Scheme के तहत बड़े ऑर्डर मिले हैं।
GK Energy Project
- 15,000 Solar Pumps
- कुल मूल्य: लगभग 354 करोड़ रुपये
Oswal Pumps Project
- 6,869 Solar Pumps
- कुल मूल्य: लगभग 162 करोड़ रुपये
इन परियोजनाओं से किसानों की बिजली और डीजल पर निर्भरता कम होगी।
NHPC का बड़ा Hydro Update
NHPC ने Subansiri Lower Hydroelectric Project की Unit-4 को Commercial Operation में शामिल कर दिया है।
अब इस परियोजना की कुल चालू क्षमता 1,000 MW हो गई है।
यह भारत के सबसे बड़े Hydro Projects में से एक माना जा रहा है।
Bhutan-India Hydro Partnership मजबूत
भूटान सरकार और World Bank ने 1,125 MW Dorjilung Hydroelectric Project के लिए 515 मिलियन डॉलर का समझौता किया है।
परियोजना की मुख्य बातें
- कुल अनुमानित लागत: 1.7 बिलियन डॉलर
- वार्षिक उत्पादन: 4,500 GWh
- 80% बिजली भारत को सप्लाई होगी
यह भारत-भूटान ऊर्जा सहयोग को और मजबूत करेगा।
IEX में बिजली व्यापार बढ़ा
Indian Energy Exchange (IEX) ने अप्रैल 2026 में बिजली कारोबार में 16.6% वृद्धि दर्ज की।
प्रमुख आंकड़े
- कुल ट्रेड वॉल्यूम: 12,341 MU
- RTM Volume Growth: 30.2%
- Peak Demand: 256 GW
विशेषज्ञों का कहना है कि Real-Time Market की लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है।
Power Sector में क्यों महत्वपूर्ण हैं ये बदलाव?
भारत तेजी से Renewable Energy आधारित अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है।
ऐसे में Grid Stability, Energy Storage, Smart Metering और Market-Based Power Trading बेहद महत्वपूर्ण हो गए हैं।
आने वाले समय में इन क्षेत्रों पर रहेगा फोकस
- Battery Energy Storage
- Green Hydrogen
- Smart Grid Technology
- Renewable Energy Integration
निष्कर्ष
भारत का बिजली क्षेत्र तेजी से आधुनिक और Market-Driven मॉडल की ओर बढ़ रहा है।
CERC के नए प्रस्ताव, Smart Meter Policy में बदलाव, Battery Storage Projects और Renewable Energy निवेश आने वाले वर्षों में देश की ऊर्जा व्यवस्था को पूरी तरह बदल सकते हैं।
अगर ये योजनाएं सफल होती हैं, तो भारत न केवल ऊर्जा सुरक्षा मजबूत करेगा बल्कि Global Clean Energy Leadership की दिशा में भी बड़ा कदम बढ़ाएगा।
Also Read बिग ब्रेकिंग! छत्तीसगढ़ में 2% बढ़ा महंगाई भत्ता, आदेश जारी







