Reservation Roster रायपुर। छत्तीसगढ़ के शासकीय विभागों में पदोन्नति में आरक्षणAMP रोस्टर का पालन नहीं किया जा रहा है। यह जानकारी मंगलवार को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की तरफ से विधानसभा में दी गई। मुख्यमंत्री ने राज्य के विभागों में पदोन्नति में आरक्षण नियम का पालन नहीं होने कारण भी बताया है।
पदोन्न्ति में आरक्षण रोस्टर को लेकर सावित्री मनोज मंडावी ने प्रश्न किया था। उन्होंने पूछा था कि विभिन्न शासकीय विभागों में जारी पदोन्नति की प्रक्रिया में क्या आरक्षण रोस्टर का पालन किया जा रहा है? यदि हां तो जानकारी देंगे। यदि नहीं तो इसका पालन क्यों नहीं किया जा रहा है और इसे कब तक लागू किया जाएगा ?
इस प्रश्न के लिखित उत्तर में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बताया कि छत्तीगसढ़ के शासकीय विभागों में पदोन्न्ति में आरक्षण रोस्टर का पालन नहीं किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने अपने लिखित उत्तर में बताया कि पदोन्नति में आरक्षण प्रदान किए जाने के खिलाफ छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर में दायर याचिका क्रमांक WP (PIL) 91/2019 और WP(S) No. 9778/2019 में पारित अंतिम निर्णय 16 अप्रैल2024 के विरूद्ध छत्तीसगढ़ स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड रिजर्व केटेगरी ऑफिसर्स एम्प्लाय एसोसिएशन छत्तीसगढ़ ने उच्चतम न्यायालय नई दिल्ली में SLP (Civil) Diary No. 5555/2025 दायर कर रखा है।
मुख्यमंत्री ने अपने उत्तर में बताया है कि उच्चतम न्यायालय नई दिल्ली में याचिका विचाराधीन होने के कारण, पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर का पालन नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इसकी समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।
बता दें कि हाईकोर्ट ने पदोन्नति में आरक्षण को लेकर अपने फैसले में पदोन्नति में आरक्षण को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने बिजली कंपनी प्रबंधन को 2004 की स्थिति में ग्रेडेशन सूची बनाने और उसके अनुसार प्रमोशन और डिमोशन करने का आदेश दिया है।