Site icon Chatur Post

Surrender जंगल से निकलते नक्‍सली लीडर पापा राव का वीडियो आया सामने: साथियों के साथ आज करेगा सरेंडर

Naxalite Papa Rao coming out of forest for surrender

Surrender रायपुर/बस्तर: छत्तीसगढ़ के बस्तर में आतंक का पर्याय रहा नक्सली लीडर पापा राव अब मुख्यधारा में लौटने जा रहा है। मंगलवार को जंगल से बाहर निकलते हुए पापा राव और उसके साथियों का एक विशेष वीडियो सामने आया है। माना जा रहा है कि यह बस्तर में माओवादी आंदोलन की कमर तोड़ने वाली अब तक की सबसे बड़ी सफलता है।

मुख्य बिंदु: सरेंडर की बड़ी बातें

कौन है पापा राव: DKSZC सदस्य और साउथ सब जोनल ब्यूरो का इंचार्ज।

साथी: पापा राव के साथ 17 अन्य कैडर (कुल 18 माओवादी) सरेंडर करेंगे, जिनमें 07 महिला कैडर भी शामिल हैं।

हथियार: सरेंडर के दौरान AK-47 राइफलें और अन्य आधुनिक हथियार सौंपे जाएंगे।

प्रमुख नाम: पापा राव के साथ DVCM प्रकाश मड़वी और DVCM अनिल ताती जैसे बड़े नाम भी हिंसा का रास्ता छोड़ रहे हैं।

नेतृत्व विहीन हुआ दंडकारण्य: अब कोई बड़ा लीडर नहीं बचा

पापा राव बस्तर में सक्रिय अंतिम सबसे बड़ा नक्सली चेहरा था। उसके आत्मसमर्पण के साथ ही दंडकारण्य क्षेत्र में माओवादी संगठन प्रभावी रूप से नेतृत्वविहीन (Leaderless) हो गया है। जानकारों का मानना है कि यह ‘नक्सल-मुक्त बस्तर’ के संकल्प को वास्तविकता में बदलने की दिशा में एक निर्णायक मोड़ है। अब बस्तर नई ऊर्जा और शांति के साथ विकास की राह पर आगे बढ़ने को तैयार है।

देशभर में अब केवल एक ‘सेंट्रल कमेटी’ सदस्य सक्रिय

नक्सली संगठन की सबसे ताकतवर इकाई ‘सेंट्रल कमेटी’ (पोलित ब्यूरो) का अब देश भर में केवल एक ही सक्रिय सदस्य पुलिस की पहुंच से बाहर है, जिसका नाम मिशिर बेसरा है। बेसरा फिलहाल झारखंड के जंगलों में सक्रिय बताया जाता है। इसके अलावा, संगठन के पूर्व महासचिव गणपति के नेपाल में छिपे होने की खबरें हैं, लेकिन बस्तर जैसे कोर जोन से अब बड़े चेहरों का सफाया हो चुका है।

पहली बार: एक किलो सोना और साढ़े 3 करोड़ कैश के साथ 108 नक्सलियों ने किया सरेंडर

Exit mobile version