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पेंशनर्स की मौज! 35वीं SCOVA बैठक में बड़ा फैसला: ग्रांट-इन-एड और CGHS सुविधाओं में जबरदस्त इजाफा

35th SCOVA Meeting Decisions नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने देश के लाखों पेंशनभोगियों को बड़ी राहत देते हुए कई क्रांतिकारी सुधारों को मंजूरी दी है। हाल ही में नई दिल्ली में डॉ. जितेंद्र सिंह की अध्यक्षता में 35वीं SCOVA (Standing Committee of Voluntary Agencies) की बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन (PWA) के लिए सालाना मदद को बढ़ाने के साथ-साथ चिकित्सा सुविधाओं में बड़े बदलाव किए गए हैं।

ग्रांट-इन-एड में ऐतिहासिक बढ़ोतरी (Huge Increase in Grant-in-Aid)

पेंशनर्स एसोसिएशन के लिए सबसे बड़ी खबर यह है कि उनकी सालाना Grant-in-Aid को ₹75,000 से बढ़ाकर अब ₹5,00,000 कर दिया गया है। यह फैसला एसोसिएशन को अधिक मजबूती से पेंशनर्स के हितों में काम करने में मदद करेगा।

CGHS सुविधाओं का विस्तार (CGHS Reforms)

डॉ. जितेंद्र सिंह ने बैठक के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं (Healthcare Services) में किए गए सुधारों पर जोर दिया। अब वरिष्ठ पेंशनभोगियों को अस्पताल में रेफरल के लिए बार-बार चक्कर नहीं लगाने होंगे।

शिकायतों का त्वरित निपटारा (Grievance Redressal)

सरकार ने बताया कि नेशनल पेंशन अदालतों (National Pension Adalats) के जरिए शिकायतों को हल करने की दर 74% से अधिक रही है। इसके अलावा, पेंशनभोगियों की मदद के लिए विभागों में ‘पेंशन मित्र’ (Pension Mitras) की नियुक्ति की गई है, जो रिटायरमेंट के समय कागजी कार्रवाई में सहायता करेंगे

रेलवे और अन्य महत्वपूर्ण अपडेट्स

रेलवे पेंशनर्स के लिए UMID पोर्टल और ARPAN डेटा के एकीकरण की प्रक्रिया को तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, बैंक ऑफ बड़ौदा और सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया जैसे बैंकों को Digital Life Certificate (DLC) रिजेक्शन कम करने के लिए पेंशनर्स का मार्गदर्शन करने को कहा गया है

एक्सपर्ट ओपिनियन (Expert Opinion): 35वीं SCOVA बैठक के ये निर्णय दर्शाते हैं कि सरकार पेंशनर्स के लिए ‘ईज ऑफ लिविंग’ (Ease of Living) सुनिश्चित करने की दिशा में गंभीर है। विशेष रूप से 70 साल से ऊपर वालों के लिए रेफरल फ्री कंसल्टेशन एक सराहनीय कदम है

35वीं SCOVA बैठक—किस मुद्दे पर क्या बनी बात? देखें पूरा ब्यौरा

नई दिल्ली: हाल ही में संपन्न हुई 35वीं SCOVA बैठक में पेंशनभोगियों की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा हुई। केंद्र सरकार ने कई पुराने लंबित मामलों को सुलझाया है तो कुछ पर नई गाइडलाइंस जारी की हैं। आपकी सुविधा के लिए हमने मुख्य एजेंडा (Agenda) और उस पर संबंधित विभाग की प्रतिक्रिया (Response) को नीचे टेबल और बुलेट्स में संकलित किया है।

प्रमुख एजेंडा और सरकार का फैसला (Agenda & Decisions)

क्र.सं.एजेंडा (मुद्दा)विभाग की प्रतिक्रिया / निर्णय
1.Grant-in-Aid में बढ़ोतरीएसोसिएशन की सहायता राशि ₹75,000 से बढ़ाकर ₹5,00,000 कर दी गई है
2.70+ पेंशनर्स के लिए CGHSअब 70+ आयु वाले बिना रेफरल के प्राइवेट अस्पतालों में सीधे इलाज करा सकेंगे
3.दवाओं की कमी का मुद्दानई ‘ड्रग प्रोक्योरमेंट पॉलिसी’ (15 Jan 2026) लागू, जिससे दवाओं की कमी नहीं होगी
4.रेलवे किराया रियायतरेलवे ने स्पष्ट किया कि रियायत बहाल करना संभव नहीं है, क्योंकि 45% सब्सिडी पहले से दी जा रही है
5.ट्रांसजेंडर बच्चों की पेंशनDoPPW इस पर DOE और DOLA के साथ परामर्श कर नियम 50 में बदलाव पर काम कर रहा है

अन्य महत्वपूर्ण चर्चाएं (Detailed Discussions)

1. स्वास्थ्य सेवा सुधार (CGHS Updates)

  • एजेंडा: जिला स्तर पर CGHS सुविधाओं का अभाव।
  • प्रतिक्रिया: सरकार ने भिलाई, दुर्ग, उदयपुर और ग्रेटर नोएडा वेस्ट सहित 29 नए शहरों में वेलनेस सेंटर खोलने की मंजूरी दे दी है।
  • एजेंडा: रेफरल की कम वैधता अवधि।
  • प्रतिक्रिया: अब रेफरल की वैधता (Validity) को बढ़ाकर 3 महीने (6 परामर्श तक) कर दिया गया है।

2. डिजिटल और बैंकिंग मुद्दे (Banking & DLC)

  • एजेंडा: बैंक ऑफ बड़ौदा और सेंट्रल बैंक में डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट (DLC) का रिजेक्शन।
  • प्रतिक्रिया: बैंकों को निर्देश दिया गया है कि वे पेंशनर्स को तकनीकी गलती सुधारने के लिए मार्गदर्शन दें।
  • एजेंडा: संयुक्त खाते में पेंशनर की मृत्यु के बाद समस्या।
  • प्रतिक्रिया: बैंकों को नियमों का पालन करने और जीवनसाथी को तुरंत प्राथमिक खाताधारक (Primary Holder) बनाने को कहा गया है।

3. रक्षा और टेलीकॉम पेंशनर्स (SPARSH & SAMPANN)

  • एजेंडा: विदेश में रहने वाले (NRI) पेंशनर्स की पहचान।
  • प्रतिक्रिया: SPARSH के तहत एक विशेष ईमेल (sparshnri.dad@gov.in) जारी किया गया है, जिसके जरिए वे अपनी लाइफ सर्टिफिकेट जमा कर सकते हैं।
  • एजेंडा: 80 वर्ष से अधिक आयु वालों की अतिरिक्त पेंशन।
  • प्रतिक्रिया: डेटा मिसमैच को रिकॉर्ड ऑफिसों के साथ मिलकर सुधारा जा रहा है ताकि अतिरिक्त भुगतान तुरंत शुरू हो सके।

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S. J. Kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में 22 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव । सुदीर्घ करियर में राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण पदों पर सेवाएं दी हैं। जटिल मुद्दों के सरल विश्लेषण और खोजी रिपोर्टिंग के साथ राजनीति, प्रशासन और समसामयिक विषयों पर गहरी पकड़ है। पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। वर्तमान में Chaturpost.com में सेवाएं दे रहे हैं।
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