Power Sector

CG Cabinet Decisions: छत्तीसगढ़ में बिजली आपूर्ति और निवेश पर साय कैबिनेट का ऐतिहासिक फैसला

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज मंत्रालय महानदी भवन में कैबिनेट की एक अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। इस Cabinet Meeting में राज्य के विकास, औद्योगिक नीतियों और सरकारी प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए 11 बड़े और दूरगामी निर्णय लिए गए हैं।

इस बैठक का सबसे मुख्य आकर्षण बिजली उपभोक्ताओं और विद्युत कंपनियों से जुड़ा रहा। राज्य सरकार ने बिजली संकट से बचने और वित्तीय अनुशासन को मजबूत करने के लिए एक अभूतपूर्व कदम उठाया है।

बिजली भुगतान के लिए अब RBI की डायरेक्ट डेबिट मैंडेट व्यवस्था

छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में निर्बाध बिजली आपूर्ति (Uninterrupted Power Supply) सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के विद्युत उपक्रमों (CPSUs जैसे NTPC) को किए जाने वाले भुगतान की सुरक्षा प्रणाली में बड़ा बदलाव किया है। मंत्रिपरिषद ने वर्तमान त्रिपक्षीय अनुबंध (Tripartite Agreement) के स्थान पर अब भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के नियमों के अनुसार डायरेक्ट डेबिट मैंडेट (Direct Debit Mandate – DDM) व्यवस्था लागू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।

इस बड़े फैसले से एनटीपीसी सहित अन्य केंद्रीय उपक्रमों से छत्तीसगढ़ को मिलने वाली बिजली की आपूर्ति लगातार बनी रहेगी। भुगतान सुरक्षा की यह नई व्यवस्था आरबीआई के वर्तमान नियमों के बिल्कुल अनुकूल होगी। सबसे राहत की बात यह है कि इससे राज्य शासन पर कोई अतिरिक्त वित्तीय भार (Financial Burden) नहीं आएगा। बिजली वितरण कंपनी (CSPDCL) द्वारा भुगतान की व्यवस्था पहले की तरह ही चलेगी और जरूरत पड़ने पर लेटर ऑफ क्रेडिट (LC) का विकल्प भी प्रभावी रहेगा।

कैबिनेट बैठक के अन्य बड़े फैसले

  • 🛑 1. बस्तर फाइटर्स नियमों में बड़ा संशोधन: छत्तीसगढ़ पुलिस विशेष कार्यपालिक बल (बस्तर फाइटर्स) के तहत फाइटर आरक्षक सेवा (भर्ती तथा सेवा की शर्तें) नियम, 2026 में महत्वपूर्ण सुधार को मंजूरी दी गई है, जिससे स्थानीय युवाओं को सीधा लाभ मिलेगा।
  • 🎓 2. प्राइवेट यूनिवर्सिटी बिल 2026 को मंजूरी: छत्तीसगढ़ निजी विश्वविद्यालय (स्थापना एवं संचालन) संशोधन विधेयक के प्रारूप को मंजूरी दी गई। अब ‘विन्यास निधि’ के स्थान पर रक्षित निधि (Reserve Fund) का प्रावधान होगा, जिससे छात्रों का भविष्य अधिक सुरक्षित होगा और लाइब्रेरी व इंफ्रास्ट्रक्चर को यूजीसी (UGC) मानकों के अनुरूप अपग्रेड किया जाएगा।
  • ⚖️ 3. वाणिज्यिक कर अधिकरण (वैट ट्रिब्यूनल) समाप्त: जीएसटी (GST) लागू होने के बाद वैट संबंधी अपीलों में भारी कमी आई है। चूंकि राज्य में जीएसटी अपीलीय न्यायाधिकरण (GSTAT) बन चुका है, इसलिए पृथक वाणिज्यिक कर अधिकरण को समाप्त कर इसके लंबित मामले राजस्व मंडल (Board of Revenue) को सौंपे जाएंगे।
  • 💸 4. कारोबारियों को GST रिफंड मिलेगा तेज: छत्तीसगढ़ माल एवं सेवा कर (संशोधन) विधेयक, 2026 के माध्यम से कर अनुपालन की प्रक्रियाओं को आसान बनाया गया है। इससे निर्यातकों और इनवर्टेड ड्यूटी स्ट्रक्चर वाले उद्योगों को बहुत तेजी से और पारदर्शी तरीके से रिफंड मिल सकेगा।
  • 🏢 5. औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन को नई गति: राज्य में निवेशकों को आकर्षित करने के उद्देश्य से औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन (संशोधन) विधेयक, 2026 के प्रारूप को हरी झंडी दी गई है। इसके लिए देश के अन्य विकसित राज्यों की औद्योगिक नीतियों (Industrial Policies) का बारीकी से अध्ययन किया गया है।
  • 📈 6. ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में देश का पहला राज्य: व्यापार और उद्योग स्थापित करने की प्रक्रियाओं को डिजिटल व समयबद्ध बनाने के लिए ‘छत्तीसगढ़ ईज ऑफ डूइंग बिजनेस विधेयक, 2026’ को मंजूरी दी गई। ऐसा कानून लाने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य बना है। अब इसमें डीम्ड परमिशन (Deemed Permission) और सेल्फ सर्टिफिकेशन लागू होगा।
  • 💰 7. नवा रायपुर के लिए वन टाइम सेटलमेंट (OTS) स्कीम: नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (NRDA) द्वारा आबंटित भूखंडों व भवनों के बकाया ब्याज और अधिभार में राहत देने के लिए ओटीएस योजना-2026 को मंजूरी दी गई है। इससे भू-आबंटिती समय पर बकाया चुका सकेंगे या भूमि सरेंडर कर सकेंगे।
  • 💧 8. जल प्रदूषण कानून में महत्वपूर्ण बदलाव: केंद्र सरकार के जल (प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण) संशोधन अधिनियम, 2024 को छत्तीसगढ़ में लागू करने के लिए विधानसभा में संकल्प लाया जाएगा। इसके तहत छोटे उल्लंघनों को अपराध की श्रेणी से बाहर कर केवल आर्थिक दंड का प्रावधान किया गया है।
  • 🏠 9. नया भाड़ा नियंत्रण (किराया) कानून मंजूर: खाली मकानों को किराए पर देने को बढ़ावा देने के लिए छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण (संशोधन) विधेयक, 2026 को मंजूरी दी गई है। यह भारत सरकार के मॉडल टेनेंसी एक्ट (Model Tenancy Act, 2021) के अनुरूप है, जिससे मकान मालिक और किराएदार के विवाद जल्द सुलझेंगे।
  • 🏛️ 10. राजनांदगांव को मिला आधुनिक ऑडिटोरियम: राजनांदगांव शहर में सांस्कृतिक और कलात्मक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए 2000 सीट की विशाल क्षमता वाले एक भव्य और आधुनिक ऑडिटोरियम (Auditorium) के निर्माण हेतु शासकीय भूमि आवंटन के प्रस्ताव को कैबिनेट ने पास कर दिया है।

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S. J. Kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में 22 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव । सुदीर्घ करियर में राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण पदों पर सेवाएं दी हैं। जटिल मुद्दों के सरल विश्लेषण और खोजी रिपोर्टिंग के साथ राजनीति, प्रशासन और समसामयिक विषयों पर गहरी पकड़ है। पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। वर्तमान में Chaturpost.com में सेवाएं दे रहे हैं।
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