Chirag  छत्‍तीसगढ़ में फर्जी एजेंसी को सरकारी काम का ठेका: पैसा लेकर भागी संस्‍था, थाने पहुंची शिकायत

schedule
2026-03-19 | 08:56h
update
2026-03-19 | 08:56h
person
chaturpost.com
domain
chaturpost.com

Chirag रायपुर। छत्‍तीसगढ़ में सरकारी काम की जिम्‍मेदारी फर्जी एजेंसी को दिए जाने का मामला सामने आया है। कंपनी यहां काम करने वालों को वेतन दिए बिना ही भाग गई है। अब वेतन भुगतान के लिए नोटिस भेजा जा रहा है तो वहां पता ही नहीं मिल रहा है। पीड़ि‍तों ने अब इस मामले में थाने में लिखित शिकायत करते हुए एफआईआर की मांग की है।

 दिल्‍ली की NGO के शोषणा का शिकार हुई बस्‍तर की दर्जनों लड़कियां: न्‍याय के लिए सालभर से भटक रही  AMP

यह पूरा मामला चिराग परियोजना का है। वर्ल्‍ड बैंक से वित्‍तीय सहायता प्राप्‍त यह परियोजना शुरू से विवादों में रहा है। पहले इसमें आईएएस अफसरों की पत्नियों और रिश्‍तेदारों को मोटी तख्‍वाह पर रखने का मामला आया, फिर अन्‍य गड़बड़ि‍यां उजगार हुईं। विवाद के कारण परियोजना में कोई प्रगति नहीं हुई तो केंद्र सरकार ने इसे बंद करके फंड वापस ले लिया।

समन्‍वयकों ने की शिकायत

चिराग परियोजना में बस्‍तर संभाग में समन्‍वय के पद पर काम करने वाली महिलाओं ने अब इस मामले में पुलिस में शिकायत की है। महिलाओं ने एजेंसी के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। शिकायत में तीन लोगों को नामजद किया गया है। इनमें इंद्रजीत चौधरी Coantry Director, नीरल त्यागी HR और मोनिका चौहान स्टेट कोडर्मनेटर शामिल हैं।

यह है मामला

शिकायतकर्ताओं के अनुसार इनका चयन चिराग परियोजना में PCI इंडिया के माध्यम से किया गया था। इन्‍हें सुकमा और नारायणपुर में ब्लॉक समन्वयक के पद पर नियुक्त किया गया था। भर्ती प्रक्रिया, परियोजना संबंधी अधिकार, परिवेक्षण और काम की रिपोर्टिंग PCI-India के नाम और नियंत्रण में ही संचालित गई।

छत्‍तीसगढ़ को वर्ल्‍ड बैंक ने दिया बड़ा झटका, अफसरों की लापरवाही से बुझ गया ‘चिराग’, गए 17 हजार करोड़AMP

कार्यभार ग्रहण करने के बाद  उन्‍हें Up Hill Advisory services के नाम से एक अनुबंध निष्पादित करने के लिए बाध्य किया गया जबकि नियुक्ति की प्रक्रिया पीसीआई इंडिया ने किया था। एक साल तीन महीने काम के बावजूद इन्‍हें केवल आठ महीने का वेतन दिया गया।

वित्‍त सचिव ने सभी विभाग प्रमुखों पत्र जारी कर कहा- सभी अधीनस्‍थों को दें सरकार के इस MoU की जानकारीAMP

इस बीच कंपनी अपना काम समेट कर गायब हो गई। पीड़ि‍त महिलाओं ने वेतन के लिए श्रम प्राधिकरण के माध्‍यम से शिकायत की तब खुलासा हुआ कि Up Hill Advisory services नाम की कोई संस्‍था दिए गए पते पर है ही नहीं, इसकी वजह से प्राधिकरण की नोटिस तामील ही नहीं हुई।

कांकेर थाना में शिकायत

अब इस मामले में पीड़ि‍तों ने कांकेर थाना में संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए आवेदन दिया है। इसमें संस्‍था व उसके संचालकों पर गंभीर आरोप लगते हुए न्‍याय की गुहार लगाई गई है।

chatur postMarch 19, 2026
19 2 minutes read
Follow Us
Imprint
Responsible for the content:
chaturpost.com
Privacy & Terms of Use:
chaturpost.com
Mobile website via:
WordPress AMP Plugin
Last AMPHTML update:
19.03.2026 - 09:16:20
Privacy-Data & cookie usage: