Power Sector

CSPTCL का बड़ा फैसला: जशपुर के कुनकुरी में नए विद्युत संभाग को मंजूरी, 9 पदों की स्वीकृति के साथ आदेश जारी!

रायपुर (chaturpost.com) छत्तीसगढ़ के बिजली क्षेत्र और अधोसंरचना विकास (Infrastructure Development) को लेकर एक बड़ी और महत्वपूर्ण खबर सामने आ रही है। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी लिमिटेड (CSPTCL) ने राज्य के जनजातीय बाहुल्य जशपुर जिले को एक बड़ी सौगात दी है। कंपनी प्रबंधन ने कुनकुरी में एक नए 400 KV सबस्टेशन निर्माण संभाग (Substation Construction Division) के गठन की आधिकारिक मंजूरी दे दी है।

कंपनी की मुख्य अभियंता (मानव संसाधन) रश्मि वर्मा के हस्ताक्षर से इस संबंध में विस्तृत आदेश (Official Order) जारी कर दिया गया है। इस नए प्रशासनिक सेटअप से जशपुर सहित पूरे संभाग में बिजली की रीढ़ मानी जाने वाली ट्रांसमिशन व्यवस्था बेहद मजबूत होगी।

बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की 125वीं बैठक में लगी मुहर (Board Approval)

कुनकुरी में इस नए संभाग की स्थापना का निर्णय बेहद उच्च स्तर पर लिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 8 जून 2026 को आयोजित CSPTCL के निदेशक मंडल (Board of Directors) की 125वीं बैठक में इस प्रस्ताव पर गंभीर चर्चा हुई थी।

एजेंडा आइटम नंबर $125/09$ पर विचार-विमर्श करने के बाद बोर्ड ने कुनकुरी में GIS (Gas Insulated Substation) आधारित 400 KV सबस्टेशन निर्माण संभाग की स्थापना को हरी झंडी दी। यह नया संभाग रायपुर के सुपरिटेंडिंग इंजीनियर (400 KV S/s) सर्कल और CSPTCL के ED/CE (ट्रांसमिशन) विंग के प्रशासनिक नियंत्रण (Administrative Control) में काम करेगा।

9 नए पदों की मिली स्वीकृति, वाहनों के लिए भी बजट (Staffing Setup)

इस नए कार्यालय को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए कुल 9 पदों की नई स्वीकृति (New Creation of Posts) दी गई है। इसमें नियमित अधिकारियों से लेकर आउटसोर्सिंग स्टाफ तक को शामिल किया गया है। स्वीकृत पदों का पूरा विवरण इस प्रकार है:

  • अधिकारी वर्ग (Officers Setup): संभाग की कमान संभालने के लिए 1 एक्जीक्यूटिव इंजीनियर (EE) और उनकी सहायता के लिए 3 असिस्टेंट इंजीनियर (AE) के नए पद सृजित किए गए हैं।
  • कार्यालयीन स्टाफ (Office Staff): सुचारू कागजी कामकाज के लिए 1 ऑफिस असिस्टेंट ग्रेड-1, 1 ऑफिस असिस्टेंट ग्रेड-2 और 1 ऑफिस असिस्टेंट ग्रेड-3/डाटा एंट्री ऑपरेटर की नियुक्ति की जाएगी।
  • आउटसोर्सिंग स्टाफ (Outsourced Staff): आधुनिक तकनीकी कामकाज के लिए 1 कंप्यूटर ऑपरेटर और कार्यालयीन कार्यों के लिए 1 भृत्य (Peon) का पद आउटसोर्सिंग के माध्यम से भरने की स्वीकृति मिली है।
  • वाहन सुविधा (Vehicle Sanction): नवगठित संभाग के एक्जीक्यूटिव इंजीनियर (EE) के लिए फील्ड विज़िट और निरीक्षण कार्यों को गति देने के उद्देश्य से किराए पर एक जीप श्रेणी का वाहन (Jeep Category Vehicle) भी स्वीकृत किया गया है।

निर्माण कार्य पूरा होने के बाद बदल जाएगा स्वरूप (Future Transition)

CSPTCL द्वारा जारी आदेश में इस संभाग के भविष्य को लेकर भी नीति स्पष्ट कर दी गई है। वर्तमान में यह संभाग निर्माण, परीक्षण और कमीशनिंग (Erection, Testing & Commissioning – ETC) की गतिविधियों को पूरा करेगा।

जैसे ही कुनकुरी में इस हाई-वोल्टेज 400 KV GIS सबस्टेशन के निर्माण और टेस्टिंग का काम सफलतापूर्वक पूरा हो जाएगा, वैसे ही इस ‘निर्माण संभाग’ को पूर्ण रूप से 400 KV सबस्टेशन संभाग (Substation Division), कुनकुरी में तब्दील कर दिया जाएगा। इसके साथ ही, अभी स्वीकृत किए जा रहे सभी 9 पदों और स्टाफ को भी नए संभाग में री-डिप्लॉय (Redeployed) कर दिया जाएगा।

तकनीकी महत्व (Expert Analysis & Technical Value)

चतुरपोस्ट के तकनीकी विशेषज्ञों के मुताबिक, पारंपरिक सबस्टेशनों की तुलना में GIS (गैस इंसुलेटेड सबस्टेशन) तकनीक बेहद उन्नत और कम जगह घेरने वाली होती है। जशपुर जैसे पहाड़ी और घने जंगलों वाले क्षेत्र में 400 KV का GIS सबस्टेशन स्थापित होना छत्तीसगढ़ के पावर ग्रिड की विश्वसनीयता (Grid Reliability) को एक नए मुकाम पर ले जाएगा। इससे न केवल लो-वोल्टेज और ट्रिपिंग की समस्या का स्थायी समाधान होगा, बल्कि भविष्य के औद्योगिक और घरेलू बिजली लोड को संभालने में भी बड़ी मदद मिलेगी।

मुख्य बिंदु जो आपको जानने चाहिए (Quick Summary)

📌 CSPTCL के नए आदेश से जुड़ी हर बड़ी बात:

  • कहाँ खुलेगा नया दफ्तर: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले के कुनकुरी में नया 400 KV सबस्टेशन निर्माण संभाग (Substation Construction Division) स्थापित किया जा रहा है।
  • किस बैठक में हुआ निर्णय: CSPTCL के निदेशक मंडल (Board of Directors) की 8 जून 2026 को हुई 125वीं बैठक में एजेंडा आइटम $125/09$ के तहत इसे मंजूरी मिली।
  • कौन सी तकनीक होगी इस्तेमाल: यह नया सबस्टेशन आधुनिक गैस इंसुलेटेड सबस्टेशन (GIS S/S) तकनीक पर आधारित होगा, जो कम जगह में बेहतर बिजली सप्लाई देता है।
  • कितने पदों की मिली मंजूरी: इस नए संभाग के लिए कुल 09 पदों की नई स्वीकृति दी गई है, जिसमें एक्जीक्यूटिव इंजीनियर (EE), असिस्टेंट इंजीनियर (AE), और आउटसोर्सिंग स्टाफ शामिल हैं।
  • गाड़ी की व्यवस्था: फील्ड विजिट और प्रोजेक्ट की निगरानी के लिए एक्जीक्यूटिव इंजीनियर (EE) के लिए किराए पर एक जीप श्रेणी का वाहन भी मंजूर किया गया है।
  • भविष्य में क्या होगा बदलाव: सबस्टेशन का निर्माण, टेस्टिंग और कमीशनिंग (ETC) का काम पूरा होते ही इसे पूर्ण रूप से ‘400 KV सबस्टेशन संभाग’ में बदल दिया जाएगा और सभी स्टाफ वहीं री-डिप्लॉय हो जाएंगे।
  • किसके नियंत्रण में रहेगा: यह पूरा सेटअप रायपुर के सुपरिटेंडिंग इंजीनियर (400 KV S/s) सर्कल और CSPTCL के ED/CE (ट्रांसमिशन) विंग के प्रशासनिक नियंत्रण में काम करेगा।
CSPTCL

Also Read पीएफ खाताधारकों की चमकी किस्मत, 15 जुलाई तक खाते में आएगा 8.25% ब्याज; UPI से भी निकलेगा पैसा

S. J. Kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में 22 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव । सुदीर्घ करियर में राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण पदों पर सेवाएं दी हैं। जटिल मुद्दों के सरल विश्लेषण और खोजी रिपोर्टिंग के साथ राजनीति, प्रशासन और समसामयिक विषयों पर गहरी पकड़ है। पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। वर्तमान में Chaturpost.com में सेवाएं दे रहे हैं।
Back to top button