
Mahatari Vandan रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘मोदी की गारंटी के तहत शुरू की गई महतारी वंदन योजना छत्तीसगढ़ की बहनों के जीवन में नई रोशनी लाई है। यह योजना केवल आर्थिक सहयोग नहीं, बल्कि महिलाओं के आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता को बढ़ाने वाला ऐतिहासिक कदम है।
केंद्रीय गृह मंत्री ने किया ट्रांसफर
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को जगदलपुर में बस्तर दशहरा एवं मुरिया दरबार के अवसर पर माई दंतेश्वरी की धरती से राज्य की 64 लाख 94 हजार 768 हितग्राही महिलाओं को महतारी वंदन योजना की 20वीं किस्त के रूप में 606 करोड़ 94 लाख रुपये की राशि अंतरित करते हुए यह बात कही।
महिला सशक्तिकरण की मजबूत नींव
केंद्रीय मंत्री शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का सपना है कि हर महिला सशक्त और आत्मनिर्भर बने तथा देश के सामाजिक और आर्थिक विकास में बराबरी की भागीदारी निभाए। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार ने जिस पारदर्शिता और प्रतिबद्धता से इस योजना को लागू किया है, वह पूरे देश के लिए एक आदर्श है। यह योजना आने वाले वर्षों में प्रदेश के सतत विकास और महिला सशक्तिकरण की मजबूत नींव साबित होगी।
Mahatari Vandan महिलाओं को नई पहचान दिला रही
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि महतारी वंदन योजना छत्तीसगढ़ की बहनों के जीवन में आत्मविश्वास और सम्मान की नई ऊर्जा का संचार कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘मोदी की गारंटी के रूप में मिली यह सौगात हमारे प्रदेश की महिलाओं को न केवल आर्थिक सहयोग दे रही है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनाकर समाज और परिवार में एक नई पहचान भी दिला रही है।
स्वावलंबी बनाने की प्रतिबद्धता का प्रमाण
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार की प्राथमिकता है कि छत्तीसगढ़ की हर महिला सशक्त बने और विकास की यात्रा में बराबरी की भागीदार बने। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ सरकार की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और स्वावलंबी बनाने की प्रतिबद्धता का प्रमाण है। महतारी वंदन योजना ने प्रदेश की महिलाओं को न केवल घरेलू जरूरतों को पूरा करने का साधन दिया है, बल्कि उन्हें समाज में आत्मसम्मान और आर्थिक स्वतंत्रता के साथ जीने का अवसर भी प्रदान किया है।
Mahatari Vandan अब तक 12 हजार करोड़ ज्यादा
बता दें कि महिला सशक्तिकरण की दिशा में क्रांतिकारी पहल कही जाने वाली इस योजना की शुरुआत विष्णुदेव साय सरकार ने 1 मार्च 2024 की थी। इस योजना के तहत 21 वर्ष से अधिक आयु की विवाहित महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपए की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। अब तक योजना की 19 किस्तों में लाभार्थी महिलाओं को कुल 12376 करोड़ 19 लाख रुपए की राशि दी जा चुकी थी। आज 20वीं किस्त जारी होने के साथ यह आंकड़ा बढ़कर 12983 करोड़ 13 लाख रुपए से अधिक हो गया है।




