Chhattisgarh

उफनते नाले में बही बिजली कंपनी की पिकअप, एक कर्मचारी लापता, मचा हड़कंप

बलौदाबाजार। सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र से एक विचलित कर देने वाली खबर सामने आ रही है। सोमवार- मंगलवार की दरम्‍यानी रात करीब 2 बजे, बिजली कंपनी (Electric department) के कर्मचारियों से भरी एक पिकअप वैन उफनते खोरसी नाले (Khorsi Nala) के तेज बहाव में समा गई। इस भीषण हादसे के बाद से पूरे इलाके में मातम और चिंता का माहौल छाया हुआ है।

कैसे हुआ यह भयानक हादसा? (The Incident)

जानकारी के अनुसार, बिजली कंपनी की टीम अचानकपुर (Achanakpur) क्षेत्र में बिजली लाइनों के सुधार कार्य (Electricity maintenance work) के लिए जा रही थी। रात का समय और भारी बारिश के कारण नाले का जलस्तर काफी बढ़ा हुआ था।

पिकअप चालक ने स्थिति की गंभीरता को समझे बिना नाले को पार करने का खतरनाक निर्णय लिया। जैसे ही वाहन नाले के बीचों-बीच पहुंचा, पानी के अत्यधिक वेग और गहराई के सामने गाड़ी टिक नहीं पाई और देखते ही देखते बहाव की चपेट में आ गई। प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस रिपोर्ट के मुताबिक, वाहन बहकर मुख्य मार्ग से करीब 800 मीटर दूर चला गया।

रेस्क्यू ऑपरेशन: समय के साथ चल रही जंग

घटना की जानकारी मिलते ही सिटी कोतवाली पुलिस की टीम बिना देर किए मौके पर पहुंची। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए नगर सेना की SDRF (State Disaster Response Force) टीम को तुरंत बुलाया गया।

रेस्क्यू टीम के लिए मौजूदा चुनौतियाँ निम्नलिखित हैं:

  • जलस्तर: नाले में 10 से 12 फीट तक गहरा पानी है।
  • तेज बहाव: पानी का करंट इतना शक्तिशाली है कि बचाव कार्य में बार-बार बाधा आ रही है।
  • दृश्यता: रात के अंधेरे और कीचड़ के कारण सर्चिंग अभियान धीमा पड़ गया है।

प्रशासनिक बयान: स्थानीय पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बचाव दल पूरी मुस्तैदी से लगा हुआ है। जब तक गाड़ी को बाहर नहीं निकाला जाता, तब तक लापता कर्मचारी की वास्तविक स्थिति के बारे में कुछ भी कहना कठिन है।

तीन कर्मचारी सुरक्षित, एक की तलाश जारी

इस हादसे के दौरान वाहन में सवार चार कर्मचारियों में से तीन कर्मचारी अपनी सूझबूझ और तैरने की कला (Swimming skills) की बदौलत किसी तरह नाले से बाहर निकलने में सफल रहे। हालांकि, उन्हें मामूली चोटें आई हैं और वे गहरे सदमे में हैं। वहीं, चौथा कर्मचारी अभी भी लापता है।

प्रशासन की ओर से लापता कर्मचारी की तलाश में कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही है। इलाके के ग्रामीणों और गोताखोरों की मदद से नाले के निचले हिस्सों में भी सर्चिंग तेज कर दी गई है।

क्या मानसून में सावधानी है जरूरी? (Precautionary Measures)

यह घटना हमें याद दिलाती है कि प्रकृति के रौद्र रूप के सामने लापरवाही कितनी महंगी पड़ सकती है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि:

  1. अतिवृष्टि के दौरान किसी भी अज्ञात या उफनते नाले को पार करने का जोखिम न लें।
  2. भारी वाहनों के चालकों को Water crossing points पर विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
  3. स्थानीय प्रशासन द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स और चेतावनी संकेतों का पूरी तरह पालन करें।

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फिलहाल, पूरा प्रशासनिक अमला मौके पर तैनात है। अधिकारी निरंतर स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। हम उम्मीद करते हैं कि रेस्क्यू टीम जल्द ही लापता कर्मचारी तक पहुंच पाएगी। chaturpost.com इस मामले में हर पल की अपडेट आप तक पहुँचाता रहेगा।

S. J. Kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में 22 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव । सुदीर्घ करियर में राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण पदों पर सेवाएं दी हैं। जटिल मुद्दों के सरल विश्लेषण और खोजी रिपोर्टिंग के साथ राजनीति, प्रशासन और समसामयिक विषयों पर गहरी पकड़ है। पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। वर्तमान में Chaturpost.com में सेवाएं दे रहे हैं।
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