Site icon Chatur Post

Power company: पावर कंपनी मुख्यालय शिफ्टिंग: विरोध में वायरल हो रहा मैसेज, एक होंगे तो सेफ होंगे

Power Company

Power company: रायपुर। बिजली कंपनी का मुख्यालय डंगनिया से नवा रायपुर शिफ्ट करने की तैयारी चल रही है। कंपनी के इंजीनियरों और कर्मचारियों ने इसका विरोध शुरू कर दिया।

इसे कंपनी के निजीकरण की साजिश बताया जा रहा है।बिजली मुख्यालय शिफ्टिंग को लेकर कंपनी में एक मैसेज वायरल हो रहा है।

पॉवर कम्पनी के सभी नियमित, अनियमित, संविदा, ठेका, सेवानिवृत्त कर्मचारी साथियों,पॉवर कम्पनीज का कामकाज जिस ढर्रे पर चल रहा है उससे आप सभी भली भांति परिचित होंगे ऐसा विश्वास है।

वह दिन दूर नहीं जब घाटे की आड़ में पूर्ण निजीकरण की ओर कदम बढ़ाए जाएं जैसा कि अभी उत्तर प्रदेश चंडीगढ़ जम्मू कश्मीर सहित अन्य राज्यों में चल रहा है आवश्यकता इस बात की है कि हम एक होकर आवाज बुलंद करें एक होंगे तो सेफ होंगे वाली बात हम पर भी लागू होता है।

पॉवर कम्पनी में पदोन्नति के नाम पर पिछले काफी महीनों से नाटक चल रहा क्लास 1 और 2 ऑफिसरों की कई प्रारूपों में वरिष्ठता सूची और पैनल तैयार है उच्च प्रबंधन से निर्णय होते ही आदेश जारी हो जाएंगे, तृतीय चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों का क्या होगा, कब होगा, कैसे होगा, किसी को पता नहीं।

Power company: 20 साल पहले की तारीख से रिव्यू करना लगभग असंभव सा काम है फील्ड में न तो पुराने कर्मचारी है और न रिकॉर्ड। करेंट ग्रेडेशन और पैनल बनाने में 6 माह लगता है तब 20 साल पुराना क्या करना कैसे करना पता नहीं और न ही उच्च कार्यालय को इसकी कोई चिंता ही है।

वर्ष 2016 और 2018 से संविदा पर काम कर रहे कर्मचारियों का क्या होगा पता नहींराज्य सरकार की नीति पावर कम्पनी मे लागू होता है लेकिन पुरानी पेंशन बहाली* क्यों लागू नहीं किया जा रहा पता नहीं लाइन पोल सब स्टेशन में काम करने वाले तकनीकी कर्मचारियों को तकनीकी भत्ता क्यों नहीं कोई जवाब नहीं

ठेका श्रमिकों से कमीशन खोरी बंद होगा या नहीं सामाजिक सुरक्षा मिलेगा या नहीं नियमानुसार सुविधा कब देंगे पता नहीं कर्मचारियों को न तो प्रमोशन न इंक्रीमेंट ऊपर से स्टेगनेट और न चतुर्थ उच्चवेतनमान। मिलेगा या नहीं पता नहीं पेंशन ट्रस्ट में पैसे होंगे या नहीं पता नहीं न स्वतन्त्र भवन, न पूर्ण कालिक अधिकारी कर्मचारी।

आगे क्या होगा पता नहीं लेकिन नए राजधानी में नया भवन बनाने तथाकथित 200 करोड़ का प्रोजेक्ट तैयार पैसे उपलब्ध। जनता की जेब से या कर्मचारियों की जान की कीमत पर यह खड़ा होगा पता नहीं और भी ढेर सारे सवाल का जवाब प्रबंधन के पास नहीं किन्तु हम एक होकर जवाब प्राप्त कर ही सकते है भले हम सेवा में हो या निवृत्त हो अवसर मिलने पर संघर्ष में साथ खड़े हो सकते है ये जज्बा तो है ही आइए कल ही, 13 दिसंबर 2024 शाम 4 बजे डंगनिया मुख्यालय गेट पर विरोध दर्ज करे, सवालों का जवाब पूछें, अपनी एकता प्रदर्शित करें और न्याय की मांग करें।।

पावर कंपनी मुख्‍यालय को नवा रायपुर शिफ्ट करने की तैयारी, एसोसिएशन ने सीएम को पत्र लिखकर जताई आपत्ति

Exit mobile version