Power Sectorशासकीय आदेश व अधिसूचना

CSPDCL Cyber Security: बिजली कंपनियों की डिजिटल सुरक्षा मजबूत करने बड़ा कदम, 40 महीने चलेगी हाईटेक परियोजना

रायपुर। छत्तीसगढ़ की तीनों सरकारी बिजली कंपनियों की डिजिटल सुरक्षा (Cyber Security) को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (CSPDCL) ने “Augmentation of Data & Cyber Security” परियोजना के लिए नया टेंडर जारी किया है। इस परियोजना का उद्देश्य डेटा सुरक्षा बढ़ाना, साइबर हमलों से बचाव करना और आईटी सिस्टम को आधुनिक सुरक्षा तकनीकों से लैस करना है।

विशेषज्ञों का मानना है कि बिजली वितरण कंपनियों पर बढ़ते साइबर हमलों (Cyber Attacks) को देखते हुए यह पहल राज्य की ऊर्जा सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।

क्या है CSPDCL का यह टेंडर? (RFP Specification)

CSPDCL के एनर्जी इन्फोटेक सेंटर (EITC) के कार्यकारी निदेशक (Executive Director) की ओर से जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, इस टेंडर के तहत अत्याधुनिक सॉफ्टवेयर लाइसेंस और हार्डवेयर अप्लायंसेज की खरीदी, इंस्टॉलेशन और कस्टमाइजेशन किया जाएगा। इस डिजिटल सुरक्षा अभियान के तहत मुख्य रूप से तीन बड़े सुरक्षा उत्पादों (Security Products) को तैनात किया जाना तय हुआ है:

  • डेटा लीक/लॉस प्रिवेंशन (DLP): आंतरिक और बाहरी नेटवर्क से संवेदनशील डेटा की चोरी रोकने के लिए।
  • ईमेल गेटवे सुरक्षा (E-mail Gateway Security): फिशिंग और ईमेल आधारित वायरस हमलों को ब्लॉक करने के लिए।
  • एंटी-एपीटी सॉल्यूशन (Anti-APT Sandbox): एडवांस और छिपे हुए जीरो-डे थ्रेट्स (Zero-Day Threats) का रियल-टाइम एनालिसिस करने के लिए।

टेंडर से जुड़ी मुख्य तिथियां और जरूरी वित्तीय आंकड़े (Fact Sheet at a Glance)

यदि आप एक सिस्टम इंटीग्रेटर (System Integrator) हैं या आईटी सुरक्षा क्षेत्र में काम करते हैं, तो आपको इस Cyber Security Tender के इन महत्वपूर्ण आंकड़ों पर तुरंत नज़र डालनी चाहिए:

विवरण (Particulars)महत्वपूर्ण जानकारी और आंकड़े (Details & Figures)
टेंडर संख्या (Tender Specification)Tr-421
आरएफएक्स नंबर (RFx No.)8100052107
टेंडर दस्तावेज शुल्क (Tender Fee)₹5,000 + 18% GST (गैर-वापसी योग्य)
बयाना राशि (EMD / Bid Security)₹5,00,000 (पांच लाख रुपये – ऑनलाइन मोड में देय)
प्री-बिड क्वेरी जमा करने की अंतिम तिथि15 जुलाई 2026 (शाम 17:30 बजे तक)
प्री-बिड बैठक की तिथि (Pre-Bid Meeting)16 जुलाई 2026 (दोपहर 12:00 बजे – ऑनलाइन माध्यम से)
बिड जमा करने की आखिरी तारीख और समय30 जुलाई 2026 (दोपहर 14:00 बजे तक)
तकनीकी बिड खुलने का समय (Technical Bid Opening)30 जुलाई 2026 (दोपहर बाद 15:30 बजे)
न्यूनतम औसत वार्षिक टर्नओवर (MAAT)पिछले 3 वित्तीय वर्षों में कम से कम ₹15 करोड़
न्यूनतम कार्य अनुभव (Work Experience Value)पिछले 3 वर्षों में कम से कम ₹8 करोड़ का एक सिंगल वर्क ऑर्डर

सुरक्षा समाधानों का दायरा और मात्रा (Scope of Work & BOQ)

इस परियोजना के तहत कुल तीन श्रेणियों में सुरक्षा प्रणालियों को अपग्रेड किया जाना है। टेंडर के वर्क स्कोप (Scope of Work) के तहत चयनित वेंडर को निम्नलिखित मात्रा में सुरक्षा समाधान देने होंगे:

  • डेटा लीक प्रिवेंशन (DLP) लाइसेंस: कुल 5000 यूजर्स के लिए, जो आंतरिक और रोमिंग (रिमोट वर्क) दोनों तरह के यूजर्स को सुरक्षा प्रदान करेगा। इसकी ओईएम सपोर्ट वैधता (OEM Support Validity) प्रोजेक्ट साइन-ऑफ से 3 साल की होगी।
  • ईमेल सुरक्षा (E-mail Security): कुल 3000 यूजर्स के लिए, जिसकी सपोर्ट वैधता 1 वर्ष की होगी।
  • एंटी-एपीटी सॉल्यूशन (Anti-APT Solution): इसमें 1 लॉट (1 ऑन-प्रिमाइसेस अप्लायंस + क्लाउड सेवाएं) शामिल हैं। इसके लिए ओईएम सपोर्ट 3 साल के लिए मान्य रहेगा।

महत्वपूर्ण नियम (Data Sovereignty): चूंकि यह टेंडर सरकारी और सार्वजनिक हित से जुड़ा है, इसलिए सुरक्षा नियमों (Information Security) के तहत साफ कहा गया है कि यदि क्लाउड-बेस्ड समाधान का उपयोग किया जाता है, तो सभी लॉग्स, टेलीमेट्री और मेटाडेटा विशेष रूप से भारतीय भौगोलिक सीमाओं (Indian Geographical Boundaries) के भीतर ही स्टोर और प्रोसेस किए जाएंगे। किसी भी परिस्थिति में डेटा भारत से बाहर नहीं जाना चाहिए।

पूरी तरह ऑनलाइन प्रक्रिया(E-bidding Process via SAP SRM)

CSPDCL ने स्पष्ट किया है कि टेंडर की पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से SAP SRM ई-बिडिंग पोर्टल के माध्यम से केवल “ऑनलाइन मोड” में ही संचालित की जाएगी। किसी भी प्रकार के मैन्युअल या हार्डकॉपी दस्तावेजों को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

बिडर्स के पास वैध डिजिटल सिग्नेचर (Digital Signature Certificate) और SAP SRM यूजर आईडी होना आवश्यक है। सबसे ध्यान देने योग्य बात यह है कि प्राइस बिड (Price Bid) को केवल सिस्टम के आइटम टैब में सीधे दर्ज करना होगा, इसकी स्कैंड कॉपी को पोर्टल पर अपलोड करने की सख्त मनाही है।

यदि कार्य में किसी भी प्रकार की देरी होती है, तो कंपनी द्वारा कुल ऑर्डर वैल्यू पर अधिकतम 10% तक पेनाल्टी (Penalty) लगाई जा सकती है, और सफल वेंडर को 10% की परफॉर्मेंस बैंक गारंटी (Security Deposit) भी जमा करनी होगी।

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S. J. Kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में 22 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव । सुदीर्घ करियर में राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण पदों पर सेवाएं दी हैं। जटिल मुद्दों के सरल विश्लेषण और खोजी रिपोर्टिंग के साथ राजनीति, प्रशासन और समसामयिक विषयों पर गहरी पकड़ है। पत्रकारिता में उत्कृष्ट योगदान के लिए राज्य स्तरीय पुरस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। वर्तमान में Chaturpost.com में सेवाएं दे रहे हैं।
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